Dhanbad : IIT ISM में चल रहे IInvenTiv 2026 का भव्य समापन, डिजिटल हेल्थ और स्टार्टअप्स पर बड़ा फोकस
IInvenTiv 2026 का भव्य समापन IIT (ISM) धनबाद में हुआ, जहां डिजिटल हेल्थ, स्टार्टअप्स और इनोवेशन पर बड़ा फोकस रहा। 1000+ प्रतिभागियों और 190 नवाचारों ने बनाया इसे खास।
- नवाचार, डिजिटल हेल्थ और स्टार्टअप्स की गूंज के साथ IInvenTiv 2026 संपन्न
धनबाद (Threesocieties.com Desk): आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में आयोजित IInvenTiv 2026 का समापन उत्साह, ऊर्जा और नई संभावनाओं के साथ हुआ। तीन दिवसीय इस मेगा इनोवेशन इवेंट के अंतिम दिन नवाचार, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, रिसर्च और इंडस्ट्री-एकेडमिक साझेदारी जैसे अहम विषयों पर गहन मंथन हुआ।
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यह आयोजन “भारत इनोवेट्स” के विज़न को मजबूत करने के साथ-साथ देश को टेक्नोलॉजी और रिसर्च के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।
प्रो. वी. कामकोटि ने दिया इनोवेशन और स्टार्टअप्स पर जोर
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण वी. कामकोटि (निदेशक, आईआईटी मद्रास) का इंटरैक्टिव सत्र रहा। उन्होंने कहा कि भारत की विविधता उसकी सबसे बड़ी ताकत है और यहां विकसित समाधान वैश्विक स्तर पर प्रभाव डाल सकते हैं। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे केवल बेसिक रिसर्च तक सीमित न रहें, बल्कि उसे समाज के लिए उपयोगी परिणामों में बदलें। साथ ही स्टार्टअप्स, इंटरडिसिप्लिनरी लर्निंग और इनोवेशन को भविष्य की कुंजी बताते हुए युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
डिजिटल हेल्थ में UPI जैसी क्रांति की तैयारी
सुनील कुमार बरनवाल (सीईओ, नेशनल हेल्थ अथॉरिटी) ने “डिजिटल हेल्थ नेशन” विषय पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि नई तकनीकों का असली लाभ तभी मिलेगा जब मानसिक बाधाएं, पुराने सिस्टम और स्किल गैप को खत्म किया जाएगा। उन्होंने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत: ABHA ID, हेल्थ डेटा शेयरिंग व यूनिफाइड हेल्थ इंटरफेस की अहमियत बताते हुए कहा कि डिजिटल हेल्थ सेक्टर में भी UPI जैसी क्रांति संभव है। उन्होंने भरोसा, गोपनीयता और सहमति को डिजिटल हेल्थ की बुनियाद बताया।
माइनिंग से मेटावर्स तक—टेक्नोलॉजी का अनोखा संगम
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को बीसीसीएल के मुनिडीह अंडरग्राउंड माइंस का दौरा कराया गया, जहां उन्होंने माइनिंग ऑपरेशन्स को करीब से समझा। इसके अलावा आयोजन में:
A2B (Academia to Business) मैचमेकिंग
स्टार्टअप पिचिंग
नेटवर्किंग सेशन
3D माइन मेटावर्स
जियोलॉजिकल म्यूजियम
सिस्मोलॉजिकल ऑब्जर्वेटरी
जैसी गतिविधियों ने प्रतिभागियों को रियल-टाइम इनोवेशन का अनुभव कराया।
1000+ प्रतिभागी और 190 नवाचारों की दमदार भागीदारी
समापन सत्र में डीन (R&D) प्रो. पार्थसारथी दास ने संस्थानों, उद्योगों और स्टार्टअप्स के बीच मजबूत साझेदारी पर जोर दिया। आयोजन सचिव प्रो. एजाज अहमद के अनुसार: 1000+ प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया व 190 से अधिक इनोवेशन प्रस्तुत किए गए। उप-निदेशक प्रो. धीरज कुमार ने “3C–3I–3M” मॉडल के जरिए सहयोग और नवाचार को बढ़ावा देने की बात कही।
शताब्दी वर्ष में बड़ी उपलब्धि
संस्थान के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा ने कहा कि पांच आईआईटी के सहयोग से आयोजित यह कार्यक्रम नई ऊंचाइयों तक पहुंचा है और संस्थान के शताब्दी वर्ष में यह एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।
वहीं सीएसआईआर-सीआईएमएफआर के निदेशक प्रो. ए. के. मिश्रा ने इसे ऐतिहासिक आयोजन बताते हुए सतत और उद्देश्यपूर्ण नवाचार की जरूरत पर बल दिया।
निष्कर्ष: धनबाद बना देश का नया इनोवेशन सेंटर
IInvenTiv 2026 ने आईआईटी (आईएसएम) धनबाद को देश के प्रमुख इनोवेशन हब के रूप में स्थापित किया है। यह आयोजन न केवल तकनीकी विकास को गति देगा, बल्कि भारत को आत्मनिर्भर और डिजिटल रूप से सशक्त बनाने में भी अहम भूमिका निभाएगा।






