कतरास। रामपूजन नगर में दो गुटों के झड़प मामले में प्रशासन द्वारा 28 पर नेम्ड FIR की गई। अज्ञात डेढ़ सौ लोगों पर भी पुलिस ने FIR की है। मामले में कतरास पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 5 लोगों को जेल भेज दिया। इनमें साबिर अंसारी, गुहिबांध निवासी संजीव कुमार पांडे, रामपूजन नगर निवासी मोहम्मद तबरेज, रामपूजन नगर निवासी गिरीश कुमार सिंह और गुड्डू अंसारी को जेल भेज दिया गया। वहीं दूसरी ओर 28 लोगों पर नेमड FIR की गई है जो इस प्रकार है मोहम्मद जियाउल मोहम्मद कारू छोटू अंसारी उर्फ महफूज अंसारी मुस्ताक अंसारी शम्स तबरेज गुड्डू अंसारी मोहम्मद हसनैन मोहम्मद साबिर अंसारी मोहम्मद बड़कू खान लड्डू खान मोहम्मद शाहबाज जियाउल होदा शमशेर खान राम जी खटीक कुणाल शर्मा गिरीश कुमार सिंह वीरू विश्वकर्मा शंकर जयसवाल सत्तू जयसवाल चंदन माली प्रकाश रजक हर्ष अग्रवाल मोहम्मद कुणाल पप्पू लोहार तापस देव उमेश गुप्ता बिजय विश्वकर्मा अमित राना धारा 147 148 149 341 323 337 307 353 A 295 आईपीसी यह केस प्रमोद कुमार राम बाघमारा (CO)अंचला अधिकारी के द्वारा किया गया है।
दो गुटों में झड़प के बाद थाने में शांति समिति की बैठक
कतरास रामपूजन नगर में दो गुटों में झड़प के बाद शनिवार को कतरास थाने में दोनों पक्षों के साथ शांति समिति की बैठक की गई। इसमें मुख्य रूप से कतरास थाना प्रभारी संजय कुमार, बाघमारा डीएसपी मनोज कुमार तथा दोनों पक्ष के गणमान्य लोग उपस्थित थे। सभी ने यह चर्चा की की उन लोगों को ऊपर कार्रवाई की जाए, जिनके कारण यह मामला बिगड़ा है। अभी तक राम पूजन नगर मामले में आधा दर्जन लोगों को हिरासत में लेकर कार्रवाई की जा रही है। पुलिस बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी कर रही है।
बाघमारा डीएसपी ने बताया कि स्थिति पूरी तरह से नियंत्रित में है। उन्होंने कहा कि रविवार को शांति समिति और थाना के अधिकारियों द्वारा शांति मार्च निकाला जाएगा।
गुहीबांध एवं रामपूजन नगर के 500 मीटर की परिधि में निषेधाज्ञा लागू
कतरास थाना के गुहीबांध एवं रामपूजन नगर के 500 मीटर की परिधि में अनुमंडल दंडाधिकारी राज महेश्वरम ने धारा 144 के अंतर्गत निषेधाज्ञा लागू कर दी है।
निषेधाज्ञा के जारी होने के उपरांत उपरोक्त क्षेत्र के 500 मीटर की परिधि में पांच या इससे अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने, किसी प्रकार का सभा का आयोजन करने, धरना प्रदर्शन करने, हरवे हथियार लेकर चलने एवं उसका प्रयोग करने, अकारण चहल कदमी करने, ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग करने पर प्रतिबंध रहेगा।
निषेधाज्ञा के अंतर्गत शवयात्रा, वैवाहिक समूह, अन्य कार्यों से पथ से जाने वाले व्यक्तियों, वाहनों पर यह प्रतिबंध प्रभावी नहीं माना जाएगा।
इसी प्रकार सिखों के कृपाण धारण, नेपालियों के खुखरी धारण करने पर भी यह प्रतिबंध लागू नहीं माना जाएगा। अनुमंडल दंडाधिकारी ने बताया कि 23 मई 2019 को संध्या विजय जुलूस के दौरान तथा 24 मई 2019 को पुनः पूर्वाहन में दो समुदाय के बीच वाद विवाद उत्पन्न हो गया था। इसी घटना को लेकर सांप्रदायिक विवाद तथा विधि व्यवस्था की गंभीर समस्या तथा लोक परिशांति के भंग होने की प्रबल संभावना के कारण निषेधाज्ञा लागू की गई है। उन्होंने कहा कि निषेधाज्ञा अगले आदेश तक जारी रहेगी।