बिहार: राज्य के 400 इंस्पेक्टर व सब इंस्पेक्टरों से थानेदारी छीनी गयी, गंभीर आरोप व डिपार्टमेंट प्रोसिडिंग व शिथिलता बना आधार

पटना: बाहिर पुलिस हेडक्वार्टर की ओर से राज्य के 400 से अधिक दागी इंस्पेक्टर व सब इंस्पेक्टरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए गुरुवार की शाम तक थानेदारी व पुलिस सर्किल से हटा दिया गया है. इन इंस्पेक्टर व सब इंस्पेक्टरों को अभी थानेदारी नहीं मिलेगी. सभी को लॉ एंड ऑर्डर व क्राइंम कंट्रोल ड्यूटी समेत अन्य डिपार्टमेंल वर्क में लगाया जायेगा. इन अफसरों ने केस का इन्विस्टीगेशन भी नहीं कराया जायेगा. रिपोर्ट के अनुसार राज्य में दागी इंस्पेक्टरों व सब इंस्पेक्टरों की लगभग 800 है.बिहार में 1075 थानों और 225 आउट पोस्ट में तैनात दागी थानेदार और ओपी प्रभारी को हटाने की समय सीमा गुरुवार को समाप्त हो गयी. किसी जिले में 10 तो किसी जिले में 15 पुलिस अफसरों को थानों से हटाया गया है. ऐसे दारोगा-इंस्पेक्टर पर अभी निर्णय नहीं हुआ है, जिनकी सर्विस बुक दूसरे जिले में है. पुलिस हेडक्वार्टर ने जुलाई के फस्ट वीक में दागी सर्किल इंस्पेक्टर व थानेदारों को हटाने का निर्देश दिया था. आदेश पर पहले 31 जुलाई तक अमल किया जाना था. बाद में इसे बढ़ाकर आठ अगस्त कर दिया गया था. पुलिस हेडक्वार्टर ने राज्य के सभी थानों में 15 अगस्त से क्राइम कंट्रोल व लॉ एंड ऑर्डर व इन्विस्टीगेशन विंग अलग-अलग काम करने लगेंगे.
  • पुलिस अफसरों के हटाना का आधार
  • शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू न कराने वाले
  • विभागीय जिम्मेदारी न निभाने वाले
  • महिलाओं से अभद्र व्यवहार करने वाले
  • भ्रष्टाचार का आरोप
  • अभिरक्षा के दौरान किसी के साथ हिंसा हुई हो
  • विभागीय कार्यवाही लंबित है
  • कोर्ट दोषी करार दे चुका है