शादी से पहले मौत का प्लान!₹1 करोड़, बाली ट्रिप और 'सीक्रेट कॉल'... ऐसे बुनी गई केतन अग्रवाल की हत्या की साजिश

पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस में नए खुलासे सामने आए हैं। जांच के मुताबिक मंगेतर सिया गोयल ने शादी की शॉपिंग के नाम पर केतन से ₹1 करोड़ लिए और कथित तौर पर प्रेमी चेतन चौधरी को दे दिए। बाली ट्रिप रद्द कराने से लेकर लोहगढ़ किले तक की पूरी साजिश अब जांच के दायरे में है।

शादी से पहले मौत का प्लान!₹1 करोड़, बाली ट्रिप और 'सीक्रेट कॉल'... ऐसे बुनी गई केतन अग्रवाल की हत्या की साजिश
कैसे मंगेतर सिया और प्रेमी चेतन ने रची केतन की हत्या की साजिश।

      HighLights

  • शादी की शॉपिंग के नाम पर सिया ने कथित तौर पर केतन से ₹1 करोड़ लिए
  • जांच में दावा, पूरी रकम प्रेमी चेतन चौधरी को कारोबार और करियर के लिए दी गई
  • पुलिस के अनुसार, हत्या की साजिश पहले से रची गई थी और इसके लिए लोकेशन की रेकी भी की गई
  • कैब ड्राइवर ने दावा किया कि सिया बाली प्री-वेडिंग ट्रिप पर नहीं जाना चाहती थी
  • जांच एजेंसियों के मुताबिक, हत्या से पहले दोनों आरोपियों के बीच 'सीक्रेट कॉल' हुई थ

पुणे (Threesocieties.com Desk): पुणे के चर्चित और हाईप्रोफाइल केतन अग्रवाल मर्डर केस में जांच आगे बढ़ने के साथ कई चौंकाने वाले दावे और खुलासे सामने आ रहे हैं। पुलिस जांच के अनुसार, केतन की मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर हत्या की साजिश रची थी, जिसकी तैयारी कई सप्ताह पहले शुरू हो चुकी थी।

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जांच एजेंसियों के मुताबिक, सिया ने शादी की खरीदारी और तैयारियों का हवाला देकर केतन से करीब ₹1 करोड़ लिए थे। पुलिस का दावा है कि यह रकम शॉपिंग पर खर्च नहीं हुई, बल्कि कथित तौर पर चेतन चौधरी को उसके कारोबार और भविष्य को मजबूत करने के लिए दे दी गई।

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शादी के बाद नहीं, तीन साल बाद करने वाले थे शादी!

जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपियों ने कथित तौर पर यह योजना बनाई थी कि घटना के बाद वे तुरंत शादी नहीं करेंगे। शक से बचने के लिए करीब तीन साल तक दूरी बनाए रखी जाएगी और जब मामला शांत हो जाएगा तथा चेतन आर्थिक रूप से मजबूत हो जाएगा, तब दोनों शादी करेंगे। जांच अधिकारियों का मानना है कि यह पूरी योजना खुद को जांच एजेंसियों और सामाजिक संदेह से बचाने के उद्देश्य से बनाई गई थी।

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बाली ट्रिप पर नहीं जाना चाहती थी सिया

इस मामले में उस कैब ड्राइवर का बयान भी सामने आया है, जिसने 6 जून को सिया और केतन को मुंबई एयरपोर्ट तक छोड़ा था। ड्राइवर के अनुसार, सिया का व्यवहार सामान्य नहीं था और वह यात्रा को लेकर असहज दिखाई दे रही थी।ड्राइवर ने दावा किया कि रास्ते में सिया और उसके भाई के बीच बहस हुई थी और एक समय ऐसा भी आया जब उसे जबरन कैब में बैठाया गया। बाद में केतन का पासपोर्ट गायब होने से बाली की प्री-वेडिंग ट्रिप रद्द करनी पड़ी।

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पुलिस का दावा- पहले भी की गई थी कोशिश

जांच में यह भी दावा किया गया है कि घटना से कुछ दिन पहले भी केतन को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई थी, लेकिन वह बच गया था। बाद में इसे एक दुर्घटना या गलतफहमी के रूप में पेश किया गया। हालांकि इन दावों की पुष्टि अदालत में पेश साक्ष्यों और न्यायिक प्रक्रिया के दौरान ही होगी।

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लोहगढ़ किले पर हुआ सीन रीक्रिएट

पुलिस ने घटना के बाद लोहगढ़ किले पर पूरे घटनाक्रम का पुनर्निर्माण (सीन रीक्रिएशन) किया। जांच टीम यह समझने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय आरोपी किस स्थिति में थे और कथित तौर पर घटना को किस तरह अंजाम दिया गया।

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'सीक्रेट कॉल' और जांच के डिजिटल सुराग

जांच एजेंसियों के अनुसार, घटना से कुछ समय पहले दोनों आरोपियों के बीच फोन पर बातचीत हुई थी। पुलिस अब कॉल डिटेल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई है।

आरोप और जांच के बीच क्या है स्थिति?

पुलिस ने मामले में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ जारी है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि जांच एजेंसियों द्वारा किए जा रहे सभी दावे अभी जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अधीन हैं। अदालत में आरोप सिद्ध होने तक किसी भी आरोपी को दोषी नहीं माना जाता।