झारखंड:होमगार्ड डीजी एमवी राव करेंगे निलंबित एडीजी अनुराग गुप्ता पर विभागीय कार्रवाई का संचालन

  • पहले स्पेशल ब्रांच के एडीजी अजय कुमार सिंह बनाये गये थे संचालन पदाधिकारी
  • अनुराग गुप्ता पर राज्यसभा चुनाव में वोटरों को प्रभावित करने का है आरोप
  • जगन्नाथपुर पुलिस स्टेशन में दर्ज है अनुराग गुप्ता के खिलाफ एफआइआर
रांची। निलंबित एडीजी अनुराग गुप्ता के खिलाफ विभागीय कार्यवाही का संचालन पदाधिकारी होमगार्ड डीजी एमवी राव बनाये गये हैं। पूर्व में उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए स्पेशल ब्रांच के एडीजी अजय कुमार सिंह संचालन पदाधिकारी बनाये गये थे। सवाल उठा रहे थेअनुराग गुप्ता एडीजी हैं, इसलिए उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई का संचालन एडीजी रैंक के अफसर नहीं कर सकते हैं। इसके बाद एमवी राव को संचालन पदाधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गयी है। रघुवर गवर्नमेंट में अनुराग गुप्ता चहेते अफसरों की लिस्ट में टॉप में थे। एमवी राव को शंटिंग पोस्ट पर रखा गया था। राव के खिलाफ शो-कॉज भी जारी किया गया था। यह भी पढ़ें:सीआइडी एडीजी अनुराग गुप्ता सस्पेंड,राज्यसभा चुनाव 2016 में लगा था गड़बड़ी का आरोप अनुराग गुप्ता के खिलाफ राज्यसभा चुनाव के दौरान वोटरों को प्रभावित करने के आरोप में जगन्नाथपुर पुलिस स्टेशन में एफआइआर दर्ज है। स्पेशल ब्रांच के एडीजी रहे अनुराग गुप्ता ने लोकसभा चुनाव के दौरान झारखंड से हटाकर दिल्ली भेज दिया था। इसके बाद सीआइडी एडीजी अजय कुमार सिंह को स्पेशल ब्रांच का एडीजी बनाया गया। लोकसभा चुनाव समाप्त होने के बाद झा्रंकड लौटने पर अनुराग गुप्ता को सीआईडी एडीजी बना दिया गया। हेमंत सरकार बनने के बाद राज्यसभा चुनाव के दौरान पद का दुरुपयोग कर वोटरों और चुनाव को प्रभावित करने के आरोप में सीआइडी एडीजी अनुराग गुप्ता को 14 फरवरी को सस्पेंड कर दिया गया था। चुनाव आयोग के निर्देश पर स्पेशल ब्रांच के तत्कालीन एडीजी अनुराग गुप्ता और सीएमके तत्कालीन राजनीतिक सलाहकार अजय कुमार के खिलाफ वर्ष 2018 की 29 मार्च को जगन्नाथपुर पुलिस स्टेशन में एफआइआर दर्ज किया गया था। यह भी पढ़ें: इलेक्शन कमीशन ने एडीजी स्पेशल ब्रांच अनुराग गुप्ता की चुनाव तक स्टेट में नो इंट्री , दिल्ली में झारखंड के रेसिडेंट कमीशनर के अधीन रहेंगे, लीव भी नहीं मिलेगी डीजीपी डीके पांडेय से विवाद से चर्चा में आये एमवी राव एमवी राव को सेंट्रल डिपुटेशन से लौटने के वर्ष 2017 की 13 नवंबर एडीजी सीआइडी बनाया गया था।एक माह में ही वर्ष 2017 की 13 दिसंबर को राव का ट्रांसफर दिल्ली झारखंड भवन में कर दिया गया। अपनी ट्रांसफर के बाद राव ने होम सेकरेटरी को लेटर लिखा था। राव ने लेटर में लिखा था कि डीजीपी डीके पांडेय (अब रिटायर्ड) के आदेश पर बकोरिया कांड की जांच धीमी नहीं करने के कारण उनका ट्रांसफर किया गया। इस लेटर के बाद सर्विस कंडक्ट रूल का उल्लंघन करने के आरोप में एमवी राव को शोकॉज भी किया गया था। डीजी रैंक में प्रमोशन मिलने के बाद राव को होमगार्ड सह फायर का डीजी बनाया गया है।