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  • मुगमा के बिहार-बंगाल बस्ती के पीछे रेड करने गई सीआइएसएफ टीम को लोगों ने एक घंटे तक घेरा
  • निरसा पुलिस स्टेशन की पुलिस की मौजूदगी में हंगामा
  • कोयला जब्त किये बिना जान बचाकर भागी सीआइएसएफ

धनबाद। कोयला राजधानी धनबाद में निरसा पुलिस स्टेशन एरिया के मुगमा के बंगाल-बिहार बस्ती में अवैध कोयला जब्त करने गये सीआइएसएफ बैजना कोलियरी कैंप के सब इंस्पेक्टर व चार जवानों को कोयला चोरों ने लगभग एक घंटे तक बंधक बनाकर रखा। सूचना मिलने के बाद निरसा पुलिस स्टेशन की पुलिस मौके पर पहुंच सीआइएसएफ अफसर व जवानों को सुरक्षित निकाला।
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रेड करने पहुंची थी सीआइएसएफ की टीम
ईसीएल बैजना कोलियरी कैंप के सीआइएसएफ को सूचना मिली थी कि कोयला चोरों ने कापासारा कोलियरी से इलिगल कोल माइनिंग कर बिहार-बंगाल बस्ती के पीछे जमा कर रखा गया है। वहां से बाइक व अन्य गाड़ियों से कोयले को कोल भट्ठों में पहुंचाया जा रहा है। इसी सूचना पर सीआइएसएफ के सब इंसपेक्टर व चार जवान   सुबह लगभग आठ बजे बोलेरो से रेड करने पहुंचे।  सीआइएसएफ टीम को देख मुगमा स्टेशन रोड निवासी मजार अंसारी इलिगल कोल व बाइक को छोड़कर भागने लगा। सीआइएसएफ जवानों ने खदेड़ कर उसे कर पकड़ लिया। जवानों ने उसकी पिटाई कर दी। पिटाई से वह बेहोश हो गया। आक्रोशित लोगों ने सीआइएसएफ टीम को एक घंटे तक बंधक बनाकर रखा
सीआइएसएफ जवानों की पिटाई से मजार अंसारी के बेहोश होने की जानकारी उसके परिजन को अन्य कोयला चोरों ने इसकी जानकारी दी। सूचना मिलते ही मजार के परिजन आसपास के सैकड़ों लोग के साथ मौके पर पहुंच गये। उनके साथ अन्य कोयला चोर भी थे।बेहोश पड़े मजार को देखते ही लोग उग्र हो गये। सीआइएसएफ अफसर व जवानों को घेर कर हंगामा शुरू कर लिया। लगभग एक घंटे तक उन्हें बंधक बनाकर रखा। सीआइएसएफ के सब इंसपेक्टर ने निरसा पुलिस स्टेशन की पुलिस से मदद मांगी। पुलिस पेट्रोलिंग मौके पर पहुंची। पुलिस हंगामा कर रहे लोगों को समझाने की कोशिश की, पर वे नहीं माने।
पुलिस‍ की सख्‍ती के बाद नरम पड़े लोग 
 लोगों का कहना था कि सीआइएसएफ पहले मजार का इलाज कराएं, उसके बाद जाने दिया जायेगा। हंगामा बढ़ते देख पुलिस पेट्रोलिंग टीम ने निरसा थानेदार मंजीत सिंह को सूचना दी। थानेदार के आदेश पर पुलिसकर्मियों ने सख्ती दिखाया तो लोग शांत हे गये। लोगों के शांत होते ही सीआइएसएफ सब इंस्‍पेक्टर व जवान वहां से चुपचाप निकल गये। बाद में परिजन ने स्थानीय नर्सिंग होम में मजार का इलाज कराया। सीआइएसएफ सोर्सेज का कहना है कि भागने के क्रम में मजार स्कूटर से गिरकर बेहोश हो गया था। उसके साथ मारपीट नहीं की गई।

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