धनबाद:बीसीसीएल की एना आउटसोर्सिंग प्रोजेक्ट में फायरिंग व बमबाजी, झरिया कोयलांचल में खत्म हुआ पुलिस का खौफ 

झरिया कोयलांचल में पुलिस का खौफ पूरी तरह से खत्म होता दिख रहा है। कोयले की काली कमाई पर वर्चस्व स्थापित करने के लिए आये दिन गोलीबारी और बमबाजी हो रही है। बीसीसीएल की एना आउटसोर्सिंग प्रोजेक्ट में शनिवार को दोपहर तीन बाइक से पहुंचे गुर्गों ने कई राउंड फायरिंग की। बमबाजी की। गोलीबारी और बमबाजी करने के बाद सभी आराम से चलते बने। यहां आरके माइनिंग काम करती है। 

धनबाद:बीसीसीएल की एना आउटसोर्सिंग प्रोजेक्ट में फायरिंग व बमबाजी, झरिया कोयलांचल में खत्म हुआ पुलिस का खौफ 
  • एना में सिंह मैंशन का दबदबा खत्म कर रघुकुल वर्चस्व जमाने की कोशिश में
  • वर्चस्व को लेकर आये दिन हो रहा टकराव 

धनबाद। झरिया कोयलांचल में पुलिस का खौफ पूरी तरह से खत्म होता दिख रहा है। कोयले की काली कमाई पर वर्चस्व स्थापित करने के लिए आये दिन गोलीबारी और बमबाजी हो रही है। बीसीसीएल की एना आउटसोर्सिंग प्रोजेक्ट में शनिवार को दोपहर तीन बाइक से पहुंचे गुर्गों ने कई राउंड फायरिंग की। बमबाजी की। गोलीबारी और बमबाजी करने के बाद सभी आराम से चलते बने। एना में आरके माइनिंग काम करती है। 

पुलिस कीी शिथिलता से क्रिमिनलों में खत्म हुआ खौफ

एना आउटसोर्सिंग परियोजना में वर्चस्व को लेकर दोपहर सवा एक बजे के करीब तीन बाइक में सवार छह युवक पहुंचे और कई राउंड फायरिंग की। बमों का विस्फोट कर दहशत फैलाया। टाइम ऑफिस के पास हुई फायरिंग व बम के विस्फोट से दहशत कायम है। मौके पर मौजूद स्टाफ ने  छह राउंड से अधिक फायरिंग होने की बात कही है। बाइक सवार फायरिंग करने के बाद  प्रोजेक्ट के मेन रोज से निकल गये। इसके बाद आउटसोर्सिंग के स्टाफ काम बंद कर दिये हैं।  सूचना मिलते ही झरिया थाना पुलिस स्टेशन के ओसी पीके सिंह व पुलिस पहुंची। सीआईएसएफ के जवान भी पहुंचे। पुलिस ने मौके से तीन गोली, एक बम व एक खोखा बरामद किया है। एक खोखा भी मिले हैं। परियोजना में आरके माइनिंग का काम होता है।

उल्लेखनीय है कि एना परियोजना में सिंह मैंशन का दबदबा था। संजीव सिंह के चुनाव हारने और पूर्णिमा नीरज सिंह के एमएलए बनने के बाद रघुकुल एना में वर्चस्व कायम करना चाहता है। इस बात को लेकर दोनों गुट कई बार आमने-सामने आ चुके हैं। पुलिस का मानना है कि गोलीबारी और फायरिंग करने वाले दोनों में से किसी एक गुट के हो सकते हैं। 

नुनुडीह एनबीसीसी कॉलोनी में  पुलिस के सामने ही युवक को मारी गोली

सुदामडीह पुलिस स्टेशन एरिया के नुनूडीह एनबीसीसी कॉलोनी में शुक्रवार की शाम सात बजे रघुकुल समर्थक नेहाल रवानी व सूरज महतो उर्फ पाठा ने पुलिस के सामने ही वर्षीय कुंदन धारी नामक युवक को गोली मार दी थी। कुंदन के पिता गोरेलाल ने गुरुवार को जब  नेहाल व उसके दोस्तों को आंबेडकर क्लब में शराब पीने से रोका था। इसके बाद नेहाल ने दो राउंड फायरिंग कर गोरेलाल व कुंदन की जमकर पिटाई की थी। पुलिस में इसकी कंपलेन की गयी। बावजूद त्वरित कार्रवाई नहीं की।

बताया जाता है कि गुरुवार की मारपीट से  नाराज लोगों ने नेहाल के घर हमला कर दिया। आधा दर्जन लोगों को पीटा। वे जख्मी हैं। इससे भड़के नेहाल ने शाम में कुंदन को गोली मार दी।घटना से आक्रोशित कॉलोनी के दर्जनों युवक लाठी, डंडा, तलवार आदि लेकर नेहाल के घर धावा बोल कई वाहनों को तोड़ दिया। नेहाल के पिता उमाशंकर, मां ऊषा देवी, मोहल्ले के रमेश व रिंकू समेत आधा दर्जन लोगों को जमकर पीटा। महिलाओं से छेड़खानी की गई। इसके बाद युवक भाग निकले। जब नेहाल को इसकी जानकारी तो वह शाम में कॉलोनी पहुंचा। ई ब्लॉक क्लब के पास ही कुंदन व कई लोगों को खड़े देखर तीन राउंड फायरिंग की।  कुछ दूर पुलिस भी मौजूद थी। बावजूद उसे पकड़ न सकी। एक गोली कुंदन के पेट में लगी। नेहाल रघुकुल के करीबी वेदप्रकाश का खास बताया जाता है। वह पहले से कई मामलों का आरोपित रहा है।

झरिया में पुलिस की नरमी पर उठ रहे हैं सवाल

झरिया में  वर्चस्व को लेकर अब तो पुलिस के सामने ही गोलीबारी हो रही है। पुलिस देखती रह जाती है। झरिया में पुलिस का काम सिर्फ एफआइआर दर्ज करना रह गया है। एनबीसीसी कॉलोनी नुनुडीह में शुक्रवार को पुलिस के सामने ही एक युवक को गोली मारी गई। इसके अगले दिन एना की घटना से से तरह-तरह के सवाल उठा रहे हैं। आखिर पुलिस किसके प्रेशर में हैं। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने से क्यों हिचक रही है।