धनबाद में अवैध कोयला कारोबार पर खूनी गैंगवार! वर्चस्व की लड़ाई में ताबड़तोड़ फायरिंग, तीन को लगी गोली

धनबाद के कतरास थाना क्षेत्र में अवैध कोयला कारोबार को लेकर दो गुटों के बीच देर रात भीषण गोलीबारी हुई। फायरिंग में तीन लोग घायल हुए, जिनमें एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

धनबाद में अवैध कोयला कारोबार पर खूनी गैंगवार! वर्चस्व की लड़ाई में ताबड़तोड़ फायरिंग, तीन को लगी गोली
कोयले के काले धंधे में खूनी संघर्ष।

धनबाद (Threesocieties.com Desk): कोयलांचल में अवैध कोयले के कारोबार को लेकर चल रही वर्चस्व की लड़ाई अब खूनी संघर्ष में बदलती जा रही है। धनबाद जिले के कतरास थाना क्षेत्र के छाताबाद स्थित कैलूडीह मैदान के पास बुधवार और गुरुवार की मध्य रात्रि लगभग एक बजे अवैध कोयला कारोबार से जुड़े दो गुट आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते दोनों ओर से अंधाधुंध फायरिंग शुरू हो गई, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई।

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प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, रात करीब एक बजे स्कॉर्पियो सवार कुछ लोग छाताबाद मैदान की ओर से पहुंचे और कैलूडीह मस्जिद भवन के पास पहुंचकर ताबड़तोड़ गोलियां चलानी शुरू कर दी। इसके बाद दूसरे पक्ष ने भी जवाबी फायरिंग की। अचानक हुई इस गोलीबारी से इलाके में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो गए।

तीन लोग गोली लगने से घायल

इस गैंगवार में छाताबाद निवासी मो. तौसिफ, नीतीश कुमार यादव और एक अन्य व्यक्ति गोली लगने से घायल हो गए। बताया जा रहा है कि मो. तौसिफ के कंधे में गोली लगी है। उसकी हालत गंभीर होने के कारण प्राथमिक उपचार के बाद दुर्गापुर रेफर कर दिया गया। वहीं नीतीश कुमार यादव की जांघ में गोली लगी है, जबकि तीसरे घायल का इलाज स्थानीय क्लिनिक में चल रहा है।

अस्पताल में जुटी भारी भीड़, इलाके में तनाव

घटना की खबर फैलते ही स्थानीय अस्पतालों में लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। घायलों का हाल जानने के लिए बड़ी संख्या में लोग अस्पताल पहुंचे। स्थानीय पार्षद मो. शहाबुद्दीन भी अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल लिया। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।

मौके पर पहुंची पुलिस, कई टीमों का गठन

गोलीबारी की सूचना मिलते ही बाघमारा एसडीपीओ, कतरास थाना प्रभारी समेत कई थानों और ओपी की पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और पूरे इलाके में छापेमारी शुरू कर दी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी में शामिल अपराधियों की पहचान की जा रही है। कई संदिग्धों को चिन्हित किया गया है और जल्द गिरफ्तारी का दावा किया जा रहा है।

राजनीतिक संरक्षण के आरोप, पुलिस पर उठ रहे सवाल

कोयलांचल में लंबे समय से अवैध कोयला कारोबार को लेकर राजनीतिक संरक्षण मिलने के आरोप लगते रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अवैध कारोबार पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के कारण कोयला तस्करों का मनोबल बढ़ता जा रहा है। लगातार हो रही हिंसक घटनाओं के कारण पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे हैं। यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर रही है कि आखिर अवैध कोयले का कारोबार किसके संरक्षण में फल-फूल रहा है और कब तक कोयलांचल गोलियों की आवाज से दहलता रहेगा।