झारखंड: सबके लिए है योग, धर्म-जाति से ऊपर है योग: पीएम

International Yoga Day पर Ranchi में हजारों लोगों के साथ आसन-प्राणायाम किया पीएम ने पूरी दुनिया को योग दिवस की बधाई दी रांची:  पीएम नरेंद्र मोदी शुक्रवार को 5वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रांची के प्रभात तारा मैदान में मुख्य समारोह में हजारों लोगों के साथ आसन-प्रणायाम किया. पीएम ने कहा कि योग धर्म और जाति से ऊपर है. इसे हर आदमी के जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाना है. योग से हम गंभीर बीमारियों से निजात पा सकते हैं. "योग अनुशासन और समर्पण है और इसका पालन जीवनभर करना होता है. योग आयु, रंग, जाति, संप्रदाय, मत, पंथ, अमीरी-गरीबी, प्रांत और सरहद के भेद से परे है. योग सभी के लिए है और सब योग के हैं पीएम ने योग दिवस पर शांति, समृद्धि और सद्भाव का संदेश देते हुए कहा कि झारखंड की राजधानी रांची में इसके मनाये जाने के विशेष मायने हैं. पीएम ने विश्व को योग दिवस की बधाई दी है. [caption id="attachment_34607" align="alignnone" width="300"] पीएम के साथ मंच पर सीएम व गर्वनर.[/caption] पीएम ने 5वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मुख्य कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए प्रभात तारा मैदान में झारखंड की जनता के नाम जोहार कहा.  उन्होंने संबोधन में कहा कि बहुत सारे लोगों के मन में सवाल है कि मैं रांची क्यों आया. मेरे लिए रांची आने की तीन बड़ी वजहें हैं. झारखंड वन प्रदेश है. यहां योग करने का अनुभव प्रकृति के गोद में योग करने जैसा है. सितंबर में आयुष्मान भारत योजना की यहीं से शुरुआत की. तीसरी और सबसे बड़ी वजह यहां के आदिवासी हैं. योग के जरिये हम सबको आधुनिक युग की यात्रा शहरों से गांवों की तरफ, जंगलों की तरफ, गरीबों की तरफ ले जाना है. योग को गरीब आदिवासी के जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाना है. गरीब ही है जो बीमारी से सबसे अधिक परेशान होता है. पीएम झारखंड के नैसर्गिक खूबसूरती और यहां के लोगों की खुले मंच से प्रशंसा करते हुए कहा कि रांची को चुने जाने का सबसे बड़ा कारण यह रहा कि यहां की रमणीयता और प्रकृति के गोद में बसे होने के अहसास के बीच योग करने पर जाहिर है यह अधिक फलदायी होगा.आज देश-दुनिया के अनेक हिस्सों में लाखों लोग योग दिवस मना रहे हैं. दुनियाभर में योग के प्रसार के लिए मीडिया के साथी, सोशल मीडिया के लोग अहम भूमिका निभा रहे हैं. झारखंड में योग दिवस के लिए आना बहुत सुखद अनुभव है. उन्होंने कहा कि इस बार के योग दिवस की थीम दिल की बीमारी को लेकर जनमानस को जागरूक करना है. पीएम ने कहा कि पहला कारण यह कि झारखंड प्रकृति के बेहद करीब है. यहां की रमणीयता मन-मस्तिष्क पर अमिट छाप छोड़ती है. इस लिहाज से रांची में प्रकृति के साथ मिलकर योग करने से इसके बेहद सकारात्मक परिणाम मिलेंगे. उन्होंने कहा कि आज योग दिवस के मौके पर सरकार की तरफ से रांची में विशेष पुरस्कार भी दिया जा रहा है.रांची और स्वास्थ्य का रिश्ता इतिहास में दर्ज है. बीते साल सितंबर में हमारी सरकार ने यहीं से विश्व की सबसे मुफीद हेल्थकेयर आयुष्मान योजना की शुरुआत रांची से ही की थी, ऐसे में रांची में योग दिवस मनाना भी लाजमी था. अच्छी सेहत-नेमत के लिए आदिवासी-गरीबों तक योग को पहुंचाना हम सबका ध्येय होना चाहिए. [caption id="attachment_34611" align="alignnone" width="300"] योगा के बाद लोगों के बीच पीएम.[/caption] पीएम ने तीसरा कारण गिनाते हुए चार 'प' का संदेश देते हुए कहा कि उत्तम स्वास्थ्य के लिए पानी, पोषण, पर्यावरण और परिश्रम करना जरूरी है. योग हमारी संस्कृति का हिस्सा रहा है, ऐसे में झारखंड के छऊ नृत्य की मुद्राओं ने उन्हें आदिवासी समाज के बीच जाकर योग करने की वजह दी. योग शरीर को बल देता है. अब हमें आधुनिक योग की यात्रा को शहर से गांव की तरफ पहुंचाना है, ताकि योग आदिवासी के जीवन का अभिन्न हिस्सा बने. पीएम ने दुनिया भर में योग दिवस के अवसर पर अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल हो रहे लोगों को बधाई दी. पीएम ने इस दौरान योग दिवस पर सफल कार्यक्रम आयोजन  के लिए झारखंड के सीएम रघुवर दास की सराहना की. उन्होंने बेहद कम समय में यादगार आयोजन के लिए रांची जिला प्रशासन की भी प्रशंसा की. केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री श्रीपद येसो नाइक और सीएम रघुवर दास ने योग प्रतिभागियों को संबोधित किया. सीएम ने दोबारा प्रधानमंत्री बनने के बाद रांची आगमन पर पीएम को बधाई दी. सीएम ने  कहा कि झारखंड की सवा तीन करोड़ की जनता की ओर से पीएम का आभार, जो उन्होंने पूरी दुनिया में योग का मान बढ़ाया. मंच पर प्रधानमंत्री के साथ राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू, मुख्यमंत्री रघुवर दास, केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री श्रीपद येसो नाइक तथा राज्य के स्वास्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी भी थे. मंच पर संक्षिप्त संबोधन के बाद पीएम नीचे उतरकर 45 मिनट तक लोगों के साथ योग किया. योगा करते गर्वनर व सीएम. पीएम ने 45 मिनट में 24 योगासन किये पीएम ने पांचवें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर प्रभात तारा मैदान में  45 मिनट में 24 योगासन किये.पीएम के योगासन देखकर जिसे देखकर बच्चे और बुजुर्ग सभी चकित रह गये. मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान के निदेशक एम बसवा रेड्डी के मार्गदर्शन में प्रधानमंत्री और अन्य सभी लोगों ने वज्रासन एवं पाश्र्वोत्तानासन से लेकर मत्स्यासन, ताड़ासन, सेतुबन्धासन, वृक्षासन, वीरभद्रासन, शवासन एवं प्राणायाम समेत लगभग दो दर्जन योगासन बड़ी कुशलता से किये. पीएम नीली धारी वाली सफेद टी शर्ट, सफेद पायजामा और सफेद मोजे के साथ गुलाबी-सफेद प्रिंट वाला गमछा के साथ जब अपना भाषण समाप्त कर लोगों के बीच योगासन के लिए जाने लगे तो आसमान से बारिश की बूंदे टपकने लगीं. प्रधानमंत्री के पग ठिठके नहीं और वह मंच से उतरकर सीधे मैदान में  पहुंचे और सब के बीच बैठकर योगासन किये. पीएंम और उनके साथ प्रभात तारा मैदान में उपस्थित सभी लोगों ने वज्रासन, भुजंगासन, मत्स्यासन, सेतुबन्धासन, पदांगुष्ठ धनुरासन, आंजनेयासन, उत्तान आसन, पाद हस्तासन, ताड़ासन, वृक्षासन, वीरभद्रासन, अनुलोम-विलोम, प्राणायाम, कपालभाति, त्रिकोणासन, अर्धचन्द्रासन, परिवृत्त पाश्र्वकोणासन, पाश्र्वोत्तानासन, शवासन, अर्ध धनुरासन, सर्पासन और शशकासन बड़ी कुशलता से किये. कार्यक्रम की समाप्ति के बाद पीएम ने कुछ समय लोगों के साथ बिताया. लोग  इस दौरान पीएम के साथ सेल्फी लेने उनकी फोटो व सेल्फी लेने में लगे थे.  पीएम ने योग प्रेमियों के बीच पहुंचे  और  लोगों से हाथ मिलाया. योग दिवस में 30 हजार से अधिक लोगों पीएम के सााथ योग किया. पीएम के साथ योग करने को लेकर लोगों में भारी उत्साह देखा गया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रशिक्षित योग प्रतिभागियों के साथ योग किया.  सबसे पहले मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान, नई दिल्ली के निदेशक डा. ईश्वर विश्वरेड्डी सभी को ध्यान का अभ्यास कराया.प्रभात तारा मैदान में ऐतिहासिक 5वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस में शिरकत करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली रवाना हो गये.  पीएम को लेकर विशेष वायुसेना विमान ने रांची एयरपोर्ट से सुबह 8:45 बजे दिल्ली के लिए उड़ान भरा.