झरिया मास्टर प्लान की दिल्ली में हाई लेवल समीक्षा, BCCL के काम की सराहना,प्रोजेक्ट्स जल्द पूरा करने के निर्देश
नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी और पीयूष गोयल की अध्यक्षता में झरिया मास्टर प्लान की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक हुई। BCCL के कार्यों की सराहना करते हुए शेष परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
Highlights:
- नई दिल्ली के वाणिज्य भवन में हुई झरिया मास्टर प्लान की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक
- केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी और केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने की अध्यक्षता
- BCCL द्वारा झरिया मास्टर प्लान के तहत किए गए कार्यों की सराहना
- शेष परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूरा करने के निर्देश
- पुनर्वास एवं विकास कार्यों में तेजी लाने पर विशेष जोर
- केंद्र सरकार ने झरिया के समग्र विकास के प्रति दोहराई प्रतिबद्धता
नई दिल्ली(Threesocieties.com Desk): झारखंड के झरिया को आग, भू-धंसान और विस्थापन की समस्या से स्थायी राहत दिलाने के उद्देश्य से संचालित झरिया मास्टर प्लान की प्रगति की समीक्षा के लिए सोमवार (7 जुलाई 2026) को नई दिल्ली स्थित वाणिज्य भवन में उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी तथा केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने संयुक्त रूप से की।
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बैठक में कोयला मंत्रालय के सचिव विक्रम देव दत्त, अतिरिक्त सचिव संजय कुमार झा, परियोजना सलाहकार आलोक कुमार सिंह, कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) के चेयरमैन बी. साईराम, भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (BCCL) के सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल, सीआईएल के निदेशक (बिजनेस डेवलपमेंट) आशीष कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान झरिया मास्टर प्लान के अंतर्गत अब तक किए गए कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। केंद्रीय मंत्रियों ने बीसीसीएल द्वारा परियोजना के तहत किए गए कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि प्रभावित लोगों के पुनर्वास, आधारभूत संरचना के विकास तथा आग एवं भू-धंसान प्रभावित क्षेत्रों के समाधान में तेजी लाने की आवश्यकता है।
बैठक में विशेष रूप से निर्देश दिया गया कि झरिया मास्टर प्लान के अंतर्गत बची हुई सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को समन्वय बढ़ाने और कार्यों की नियमित निगरानी करने को कहा गया।
समीक्षा के दौरान पुनर्वास कॉलोनियों के विकास, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर बसाने से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर भी विस्तार से चर्चा हुई। केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया कि झरिया के लोगों को सुरक्षित और बेहतर जीवन उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि झरिया मास्टर प्लान केवल पुनर्वास परियोजना नहीं, बल्कि क्षेत्र के समग्र सामाजिक एवं आर्थिक विकास का एक महत्वपूर्ण अभियान है। इसके सफल क्रियान्वयन से झरिया में दशकों से चली आ रही आग, भू-धंसान और विस्थापन जैसी समस्याओं के समाधान की दिशा में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है।
बैठक के अंत में सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों ने झरिया मास्टर प्लान को तय समयसीमा में प्रभावी ढंग से लागू करने तथा परियोजना को गति देने के लिए सामूहिक प्रतिबद्धता दोहराई।






