पटना: निगरानी अन्वेषण ब्यूरो बिहार विधानसभा में 2000 से 2005 के बीच कथित अवैध नियुक्ति के मामले में विधान सभा के पूर्व अध्यक्ष सदानंद सिंह सहित 41 के खिलाफ चार्जशीट दाखिल करेगी. विधानसभा सचिवालय ने इसके लिए अनुमति दे दी है. निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के एडीजी सुनील कुमार झा ने कहा कि इस अवैध नियुक्ति के इस मामले में जांच पूरी हो चुकी है. ब्यूरो ने चार्जशीट भी तैयार कर ली है. विधान सभा के सचिव बटेश्वर नाथ ने बताया कि चार्जशीट को स्वीकृति दे दी गई है.
संभावना है कि निगरानी अन्वेषण ब्यूरो 15 अगस्त के पहले विशेष निगरानी कोर्ट में चार्जशीट दायर कर देगा. इसमें सदानंद सिंह के अलावा उनके आप्त सचिव रहे अध्यक्ष के आप्त सचिव कामेश्वर प्रसाद सिंह, विधान सभा के तत्कालीन सचिव झौरी प्रसाद पाल, अवर सचिव रामेश्वर प्रसाद चौधरी, लेखा सचिव बैजू प्रसाद, उप सचिव नवल किशोर तथा प्रशाखा पदाधिकारी सुबोध जायसवाल सहित अन्य कर्मी शामिल हैं.
विधान सभा में अधिकारियों व कर्मचारियों की मिलीभगत से उनके रिश्तेदारों को तृतीय वर्ग के पदों पर नियुक्त किया गया था. अपने लोगों को नौकरी देने के लिए प्रावधानों की अवहेलना की गई. साथ ही राज्यपाल के अध्यादेश की भी मनमानी व्याख्या की गई. इस नियुक्ति में साक्षात्कार लेने का जिक्र नहीं था, लेकिन रिक्त पदों से कई गुना अधिक उम्मीदवारों को साक्षात्कार के लिए बुलावा भेजा गया. मनमाने तरीके से चयन कमेटी का गठन किया तथा इसमें वैसे सदस्यों को रखा गया, जिनके सगे-संबंधी परीक्षा में शामिल हुए थे. आरोप है कि नियुक्त कर्मियों की उत्तर पुस्तिकाएं भी बदली गईं. तत्कालीन विधानसभा अध्यक्ष सदानंद सिंह पर भी आरोप है कि उन्होंने अपने रिश्तेदार संजय कुमार की नियुक्ति के लिए मनमानी की.।
अधिकारियों के बेटे व रिश्तेदार चयनित
बड़े पैमाने पर अधिकारियों के बेटे व रिश्तेदार चयनित कर लिये गये.तत्कालीन उप सचिव वशिष्ठ देव तिवारी के पुत्र नवीन कुमार, आप्त सचिव विमल प्रसाद के पुत्र राकेश कुमार, अवर सचिव बैजू प्रसाद सिंह के पुत्र मनीष कुमार, सुबोध कुमार जायसवाल के पुत्र रतन कुमार का चयन किया गया. उप सचिव पुरुषोत्तम मिश्रा के रिश्तेदार देव कुमार, उप सचिव ब्रजकिशोर सिंह के रिश्तेदार सत्यनारायण, उप सचिव अरुण कुमार के रिश्तेदार नीरज आनंद, उप सचिव ब्रजकिशोर सिंह के रिश्तेदार सत्यनारायण, उप सचिव नवलकिशोर सिंह के रिश्तेदार अवधेश कुमार सिंह, आप्त सचिव कामेश्वर प्रसाद सिंह के रिश्तेदार संजीव कुमार आदि को भी नियुक्ति के लिए चुन लिया गया था.
सदानंद सिंह हैं कांग्रेस विधायक दल के लीडर
सदानंद सिंह बिहार के भागलपुर में कहलगांव से कांग्रेस के एमएलए हैं. अभी वह विधायक दल के भी लीडर हैं. वे रिकार्ड नौ बार विधायक रहे हैं.