• बीजेपी को मिली मात्र दो सीट 
  • धारा 370 हटने के बाद पहली बार चुनाव में बीजेपी की बुरी हार

लद्दाख। केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में हिल डेवेलपमेंट काउंसिल चुनाव कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस गठबंधन ने बीजेपी को हरा दिया है। कां‍ग्रेस एनसी गठबंधन को 22, बीजेपी को दो निर्दलीय को दो सीटें मिली है। 30 सदस्यीय एलएएचडीसी की 26 सीटों के चुनाव होता है। चार मेंबर नोमिनेट किये जाते हैं। 

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वर्ष 2019 में अनुच्छेद 370 रद्द होने के बाद यहां पर पहले चुनाव का आयोजन किया गया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद पिछले महीने की  शुरुआत में, लद्दाख प्रशासन ने पांचवें एलएएचडीसी के चुनावों के लिए नये कार्यक्रम की घोषणा की थी। यह अधिसूचना तब आई जब सुप्रीम कोर्ट ने आगामी चुनाव के लिए नेशनल कॉन्फ्रेंस के पार्टी चिह्न को बहाल करते हुए केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन की पिछली चुनाव अधिसूचना को भी रद्द कर दिया। क्योंकि नेशनल कॉन्फ्रेंस के उम्मीदवार नामांकन दाखिल करने में सक्षम नहीं थे। अधिसूचना के अनुसार, 30 सदस्यीय एलएएचडीसी की 26 सीटों के लिए चार अक्टूबर को चुनाव हुए थे। 
महबूबा ने जताई प्रसन्नता
पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) चीफ महबूबा मुफ्ती ने कहा कि कारगिल मेंने शनल कांफ्रेंस और कांग्रेस जैसी धर्मनिरपेक्ष पार्टियों को जीतते देखना खुशी की बात है। पीडीपी ने चुनाव नहीं लड़ा। उन्होंने ट्वीट किया कि नेशनल कांफ्रेस और कांग्रेस जैसी धर्मनिरपेक्ष पार्टियों को करगिल में जीत दर्ज करते देखकर खुशी हुई। पांचवें एलएएचडीसी चुनाव के तीसरे दौर के मतदान के आंकड़ों के अनुसार कारगिल जिले में लगभग 65 प्रतिशत वोटर वोटिंग में शामिल हुए।
वर्तमान में फिरोज खान हैं अध्यक्ष
मौजूदा परिषद की अध्यक्षता नेशनल कांफ्रेंस के फिरोज अहमद खान कर रहे हैं। कांग्रेस ने चुनाव से पहले नेशनल कांफ्रेंस के साथ हाथ मिला 22 उम्मीदवारों को मैदान में उतारा। नेशनल कांफ्रेंस ने 17 उम्मीदवार उतारे। दोनों पार्टियों ने कहा कि यह व्यवस्था उन क्षेत्रों तक सीमित है जहां बीजेपी के साथ कड़ा मुकाबला है। पिछले चुनाव में एक सीट जीतनेवाली और बाद में पीडीपी के दो पार्षदों के पार्टी में शामिल होनेके बाद अपनी सीटों की संख्या तीन तक पहुंचानेवाली बीजेपी ने इस बार 17 कैंडिडेट उतारे थे। आम आदमी पार्टी (आप) ने चार सीटों पर अपनी किस्मत आजमाई। 25 निर्दलीय भी मैदान में थे।