रांची:हटिया-सांकी पैसेंजर व रांची-टाटा एक्सप्रेस ट्रेन का शुभारंभ,रेल राज्यमंत्री और CM ने दिखाई हरी झंडी

रांची: रांची रेलवे स्‍टेशन से हटिया-सांकी पैसेंजर ट्रेन व रांची-टाटानगर एक्सप्रेस ट्रेन का परिचालन शुरु हो गया है. रेल राज्यमंत्री सुरेश सी अगाड़ी व सीएम रघुवर दास ने गुरुवार को रांची में ट्रेन को रवाना किया. रेल राज्यमंत्री व सीएम ने टाटी सिल्वे सांकी ट्रेन का बटन दबाकर रांची रेलवे स्टेशन से शुभारंभ किया, रांची टाटानगर ट्रेन को स्टेशन से हरी झंडी देकर रवाना किया गया. रिमोट से किया उद्घाटन  रेल राज्य मंत्री व सीएम ने रिमोट से दोनों ट्रेनों का उद्घाटन किया.हटिया-सांकी पैसेंजर ट्रेन हटिया से खुली जबकि रांची-टाटा एक्सप्रेस ट्रेन रांची से.इस अवसर पर रांची के एमपी संजय सेठ, पुरुलिया के एमपी ज्योतिर्मय सिंह महतो,हटिया एमएलए नवीन जायसवाल,कांके एमएलए डॉ. जीतू चरण राम,मेयर आशा लकड़ा,डिप्टी मेयर संजीव विजयवर्गीय,एसईआर के एजीएम अनुपम शर्मा व डीआरएम नीरज अंबष्ठ समेत अन्य मौजूद थे. मौके पर रेल राज्य मंत्री सुरेश अंगड़ी ने कहा कि रेल सुविधाएं बढऩे से राज्य के 3.25 करोड़ जनता का सपने साकार होंगे.उन्होंने रांची में रेलवे जोन का कार्यालय भी शीघ्र खोले जाने का आश्वासन दिया.मंत्री ने रांची से नई दिल्ली के बीच राजधानी एक्सप्रेस ट्रेन का परिचालन सप्ताह में सातो दिन शुरू करने के लिए भी प्रयास करने के प्रति आश्वस्त किया. आगामी 10 वर्षों में रेलवे में 50 लाख करोड़ रुपये का होगा निवेश रेल राज्य मंत्री सुरेश अंगड़ी ने कहा कि आने वाले 10 वर्षों में रेलवे में 50 लाख करोड़ का निवेश होगा. रेलवे का काम देश को जोडऩा है.प्रधानमंत्री ने पूरे विश्व को योग से जोड़ दिया है. उन्हीं की प्रेरणा से हम रेलवे के माध्यम से प्रदेशों को जोड़ रहे हैं.रेल राज्यमंत्री ने कहा कि  कुछ लोग गुंडागर्दी कर आरक्षित सीटों पर कब्जा कर लेते हैं.आरपीएफ ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई करे. उन्होंने कहा कि ट्रेनों का समय पर चलना और ट्रेनों के भीतर तथा प्लेटफार्म पर सफाई सुनिश्चित करने में अधिकारी पूरा जोर लगा दें.पीएम 15 अगस्त को खुद यह घोषणा की है कि रेलवे प्लेटफॉर्म पर प्लास्टिक का उपयोग नहीं किया जायेगा.प्लास्टिक पर पाबंदी लगने से किसान व टेक्सटाइल उद्योगों को फायदा होगा. पांच वर्षों में कई मांगें हुई पूरी : सीएम सीएम रघुवर दास ने कहा कि पांच वर्षों में रेलवे से संबंधित कई लंबित मांगे पूरी हुई हैं.कई नई ट्रेनों का परिचालन शुरू हुआ और कई रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) बने.अभी और कुछ नये आरओबी की अभी भी जरूरत है.इस कार्य में जमीन अधिग्रहण या वन भूमि के अधिग्रहण में समय लगता है. झारखंड जंगलों से भरा प्रदेश है. जंगल में आरओबी बनाने के लिए फॉरेस्ट क्लीयरेंस की जरूरत पड़ती है.राज्य सरकार भी रेल परियोजनाओं को जल्द पूरा कराने के लिए प्रतिबद्ध है.सामने आने वाली समस्याओं का समाधान किया जा रहा है.उन्होंने कहा कि यातायात को सुगम बनाने के लिए हर साधन को जोडऩे की क्रांति चल रही है. समय  की होगी बचत रांची-टाटा एक्सप्रेस ट्रेन रांची से टाटा का सफर 5:40 घंटे में तय करेगी. वर्तमान में रांची से टाटा के लिए एकमात्र पैसेंजर ट्रेन है. रांची-टाटा पैसेंजर ट्रेन रांची से खुलने के बाद नामकुम, टाटीसिलवे, गंगाघाट, जोन्हा, कीता, सिल्ली, मुरी, इल्लू, तोरांग, सुईसा, तिरालडीह, बकारकुड़ी, लटेमदा, हासलैंग, झिमरी, गुंदा विहार, चांडिल, मणिकुल, कुंकी, कांड्रा, विराराजपुर, गम्हरिया, आदित्यपुर होते हुए टाटा पहुंचती है। इसी प्रकार, हटिया-सांकी की दूरी 45 किमी. है. हटिया-सांकी पैसेंजर ट्रेन से सफर करने वाले यह दूरी दो घंटे में तय करेंगे.