- नौ पुलिस रेंज में रीजनलएफएसएल के लिए हो रहा भवन निर्माण
- 28 जिलों में चलंत एफएसएल इकाई का भवन निर्माणाधीन
पटना। बिहार के सभी जिलों में जल्द ही विधि विज्ञान प्रयोगशाला (एफएसएल) जांच की सुविधा शुरू हो जायेगी। जल्द ही नौ पुलिस रेंज में क्षेत्रीय विधि-विज्ञान प्रयोगशाला, जबकि 28 जिलों में चलंत विधि-विज्ञान इकाई की सुविधा शुरू हो जायेगी। यह जानकारी एडीजी पुलिस हेडक्वार्टर के एडीजी जितेंद्र सिंह गंगवार ने जानकारी दी।
यह भी पढ़ें: Jharkhand: IAS राजीव अरुण एक्का पर होगा एक्शन, डिपार्टमेंट से सलाह लेगी ACB
और भी पढ़ें
- धनबाद में Hotel Hiway Inn का भव्य उद्घाटन, संस्कृति सिंह ने निभाई पारंपरिक रस्म
- QS एशिया रैंकिंग 2027 में IIT ISM धनबाद का जलवा, 51 पायदान चढ़कर 373वें नंबर पर
- धनबाद नगर निगम का बड़ा फैसला: शिड्यूल रेट से 10% कम टेंडर पर नहीं मिलेगा काम
- बारामुड़ी खटाल पर पप्पू यादव का हुंकार, बोले- मेरी लाश से गुजरकर हटाना होगा
अपर पुलिस महानिदेशक (मुख्यालय), श्री जितेंद्र सिंह गंगवार की राज्य के युवाओं से अपील-
— Bihar Police (@bihar_police) October 6, 2023
“अपनी ऊर्जा का सही दिशा में करें उपयोग…..हाल के एशियन गेम्स में संघर्ष से जीवन के स्वरूप को सँवारने वाले खिलाड़ियों का दिया उदाहरण” I
.
.#BiharPolice #Bihar @BiharHomeDept @IPRD_Bihar pic.twitter.com/Wct7gFVlGk
एडीजी ने बताया कि एफएसएल के लिए आवश्यक भवन निर्माण, उपकरण खरीद और वैज्ञानिकों एवं तकनीशियनों की बहाली की प्रक्रिया चल रही है। मुजफ्फरपुर और भागलपुर में डीएनए यूनिट की स्थापना की प्रक्रिया भी चल रही है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में पटना, भागलपुर और मुजफ्फरपुर रेंज में स्थायी विधि-विज्ञान प्रयोगशाला कार्यरत है। गया और पूर्णिया जिले में मोबाइल फोरेंसिक लैब है।
एडीजी ने बताया कि गवर्नमेंट की सहमति के बाद शेष नौ पुलिस रेंज पश्चिम चंपारण, पूर्णिया, गया, रोहतास, सहरसा, सारण, दरभंगा, मुंगेर और बेगूसराय में क्षेत्रीय एफएसएल के लिए भवन निर्माण शुरू कर दिया गया है।आवश्यक मापदंड को पूरा करने के लिए संसाधनों की खरीद की प्रक्रिया चल रही है। इसके बाद शेष 28 जिलों में मोबाइल फोरेंसिक यूनिट की स्थापना की जाएगी, ताकि पुलिस की टीम घटनास्थल पर जल्द से जल्द पहुंच कर वैज्ञानिक साक्ष्यों का एकत्रित कर उसकी जांच करा सके।
नई डीएनए यूनिट के लिए 14 पदों का सृजन
एडीजी ने बताया कि डीएनए जांच को लेकर पटना में दो यूनिट स्थापित है। क्षेत्रीय विधि विज्ञान प्रयोगशाला मुजफ्फरपुर और भागलपुर में भी डीएनए की एक-एक यूनिट स्थापित की जानी है। इसके लिए विभिन्न कोटि के 14 पदों का सृजन किया जा चुका है।
91 परसेंट सैंपल की हुई जांच
इस साल राज्य के विधि-विज्ञान प्रयोगशाला में 91 प्रतिशत प्रदर्श (नमूनों) की जांच की गई है। जनवरी से अगस्त के बीच 8,523 नमूने जांच के लिए प्राप्त हुए जिनमें 7747 का निष्पादन किया गया। इस अवधि के दौरान एफएसएल की टीमों ने 595 मामलों में घटनास्थल पर जाकर वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्रित किए। इनमें पटना एफएसएल की टीम ने 167, मुजफ्फरपुर ने 148 और भागलपुर ने 157 घटनास्थलों का निरीक्षण किया। इसके अलावा चलंत एफएसएल इकाई पूर्णिया ने 69 और गया ने 54 घटनास्थलों का निरीक्षण किया।