धनबाद में हवाईअड्डा-भूधंसान पर सियासी संग्राम, झामुमो का भाजपा पर हमला; राज सिन्हा को बताया ‘डेड बैटरी’
धनबाद में एयरपोर्ट निर्माण, भूधंसान और सड़क बंदी को लेकर भाजपा और झामुमो के बीच सियासी घमासान तेज हो गया है। झामुमो नेता चंद्रशेखर अग्रवाल ने विधायक राज सिन्हा को ‘डेड बैटरी’ बताते हुए केंद्र सरकार और उसकी एजेंसियों को जिम्मेदार ठहराया।
धनबाद (Threesocieties.com Desk): धनबाद में हवाईअड्डा निर्माण, झरिया क्षेत्र में भूधंसान और धनबाद-बोकारो मार्ग बंद होने जैसे गंभीर मुद्दों पर अब सियासत पूरी तरह गरमा गई है। भाजपा सांसद ढुलू महतो और विधायक राज सिन्हा द्वारा राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराए जाने के बाद झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने जोरदार पलटवार किया है।
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झामुमो नेताओं ने भाजपा सांसद और विधायक पर अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए “राजनीतिक ड्रामा” करने का आरोप लगाया। धनबाद के पूर्व मेयर और झामुमो नेता चंद्रशेखर अग्रवाल ने विधायक राज सिन्हा को “डेड बैटरी” तक कह दिया, जिससे राजनीतिक माहौल और अधिक गर्म हो गया।
भाजपा ने राज्य सरकार को घेरा
हाल ही में भाजपा सांसद ढुलू महतो ने धनबाद में एयरपोर्ट निर्माण की मांग को लेकर विशाल धरना प्रदर्शन किया था। उन्होंने राज्य सरकार पर आरोप लगाया था कि जमीन उपलब्ध नहीं कराने की वजह से एयरपोर्ट निर्माण का सपना अधूरा है। वहीं भाजपा विधायक राज सिन्हा ने केंदुआडीह क्षेत्र में धनबाद-बोकारो मार्ग बंद होने के खिलाफ धरना दिया और इसके लिए भी हेमंत सोरेन सरकार को जिम्मेदार बताया। इन दोनों मुद्दों को लेकर भाजपा लगातार राज्य सरकार पर हमलावर रही है।
झामुमो का पलटवार—“अपनी विफलता छिपा रहे सांसद-विधायक”
सोमवार को सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता में झामुमो नेताओं ने भाजपा पर सीधा हमला बोला। पूर्व मेयर चंद्रशेखर अग्रवाल ने कहा कि एयरपोर्ट निर्माण, भूधंसान और सड़क बंदी जैसे सभी मुद्दे केंद्र सरकार और उसकी एजेंसियों से जुड़े हैं, लेकिन भाजपा सांसद-विधायक जनता को भ्रमित करने के लिए राज्य सरकार को दोष दे रहे हैं। उन्होंने कहा, “अगर भाजपा सांसद और विधायक में हिम्मत है तो वे केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलन करें। ये समस्याएं राज्य सरकार नहीं, बल्कि केंद्र सरकार और उसकी एजेंसियों की देन हैं।”
राज सिन्हा को बताया ‘डेड बैटरी’
प्रेस वार्ता के दौरान चंद्रशेखर अग्रवाल ने स्थानीय विधायक राज सिन्हा पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें “डेड बैटरी” बताया। उन्होंने कहा कि बीसीसीएल (भारत कोकिंग कोल लिमिटेड) और डीजीएमएस (खनन सुरक्षा महानिदेशालय) की कार्यशैली के कारण धनबाद की जनता परेशान है, लेकिन विधायक इस मुद्दे पर प्रभावी हस्तक्षेप नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के जनप्रतिनिधि अपनी राजनीतिक अक्षमता छिपाने के लिए धरने की राजनीति कर रहे हैं।
“सड़क बंदी का फैसला राज्य नहीं, बीसीसीएल का”
अग्रवाल ने स्पष्ट कहा कि धनबाद-बोकारो सड़क बंद करने का फैसला राज्य सरकार ने नहीं, बल्कि बीसीसीएल और डीजीएमएस ने लिया है। उन्होंने सुझाव दिया कि विस्थापित परिवारों को जबरन पुनर्वास केंद्रों में बसाने के बजाय केंद्र सरकार 10 से 15 लाख रुपये का सीधा मुआवजा दे, ताकि लोग अपनी सुविधा अनुसार सुरक्षित स्थान पर घर बना सकें। उन्होंने कहा कि जब तक विस्थापन की समस्या का सम्मानजनक समाधान नहीं होगा, तब तक भूधंसान का संकट खत्म नहीं होगा।
मन्नू आलम बोले—धरना नहीं, दिल्ली में पैरवी करें सांसद
झामुमो नेता मन्नू आलम ने सांसद ढुलू महतो के एयरपोर्ट धरने को “सियासी नौटंकी” बताया। उन्होंने कहा कि जब केंद्र में भाजपा की सरकार है और नागरिक उड्डयन मंत्रालय सीधे केंद्र के अधीन है, तो सांसद को धरना देने के बजाय दिल्ली जाकर मंत्रालय में पैरवी करनी चाहिए।
मन्नू आलम ने कहा, “धनबाद की जनता ने बड़े जनादेश के साथ सांसद को चुना है। उन्हें सड़कों पर बैठने के बजाय दिल्ली के गलियारों में धनबाद की आवाज बुलंद करनी चाहिए।”
बलियापुर एरोड्रम पर भी उठे सवाल
मन्नू आलम ने सवाल उठाया कि बलियापुर एरोड्रम की जमीन पहले से केंद्र के पास सुरक्षित है, फिर वहां अब तक रनवे निर्माण क्यों नहीं हुआ। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश पर जिला प्रशासन पहले ही नई जमीन की तलाश शुरू कर चुका है, लेकिन भाजपा नेता अपनी विफलता का ठीकरा राज्य सरकार पर फोड़कर केवल सहानुभूति बटोरना चाहते हैं।
धनबाद की राजनीति में बढ़ेगा टकराव
एयरपोर्ट, भूधंसान और सड़क बंदी जैसे मुद्दे सीधे आम जनता के जीवन से जुड़े हैं। ऐसे में इन मुद्दों पर भाजपा और झामुमो के बीच बढ़ती सियासी लड़ाई आने वाले दिनों में और तेज हो सकती है। जनता अब यह देख रही है कि धरना और बयानबाजी से आगे बढ़कर समाधान कौन निकालता है—केंद्र सरकार, राज्य सरकार या फिर दोनों के बीच जारी यह राजनीतिक संघर्ष। धनबाद की राजनीति में यह टकराव आने वाले समय में और बड़ा रूप ले सकता है।






