बाढ़ को मिलेगा जिले का दर्जा? ललन सिंह का बड़ा वादा, बोले- अगला नया जिला बना तो सबसे पहले बाढ़

पटना जिले के बाढ़ में जेडीयू कार्यालय उद्घाटन समारोह के दौरान केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने बाढ़ को भविष्य का जिला बनाने का बड़ा संकेत दिया। मंत्री श्रवण कुमार ने नीट पेपर लीक, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और सरकार की योजनाओं पर भी विस्तार से अपनी बात रखी।

बाढ़ को मिलेगा जिले का दर्जा? ललन सिंह का बड़ा वादा, बोले- अगला नया जिला बना तो सबसे पहले बाढ़
ललन सिंह का ऐलान- भविष्य में नया जिला बना तो बाढ़ तय।

Advertisement

HighLights:

  • केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने कहा- बिहार में नया जिला बना तो बाढ़ निश्चित रूप से उसमें शामिल होगा
  • जेडीयू के नए कार्यालय के उद्घाटन समारोह में की बड़ी घोषणा
  • मंत्री श्रवण कुमार ने नीट पेपर लीक मामले में सख्त कानून बनाने की बात कही
  • मोकामा विधायक अनंत सिंह और उनके पुत्र अभिषेक सिंह भी कार्यक्रम में रहे मौजूद

पटना (Threesocieties.com Desk): पटना जिले के अनुमंडल मुख्यालय बाढ़ को जिला बनाने की वर्षों पुरानी मांग को रविवार को बड़ा राजनीतिक समर्थन मिला। केंद्रीय मंत्री एवं जनता दल (यू) के वरिष्ठ नेता राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि बिहार में भविष्य में नए जिले बनाए जाते हैं तो बाढ़ निश्चित रूप से उनमें शामिल होगा। उनके इस बयान के बाद क्षेत्र में लंबे समय से चल रही जिला बनाने की मांग को नई ऊर्जा मिल गई है।

यह भी पढ़ें: पटना बवाल पर पुलिस का बड़ा प्रहार! 24 FIR, 258 गिरफ्तार, 6 हजार अज्ञात रडार पर

यह घोषणा बाढ़ के बिचली मलाही में आयोजित जदयू के नए पार्टी कार्यालय के उद्घाटन समारोह के दौरान की गई। समारोह में बिहार सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, मोकामा विधायक अनंत सिंह, उनके पुत्र अभिषेक सिंह, जदयू के कई वरिष्ठ नेता तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

जिला बनाने की मांग को मिला मजबूत राजनीतिक समर्थन

बाढ़ लंबे समय से जिला बनाए जाने की मांग करता रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐतिहासिक महत्व, बड़ी आबादी, प्रशासनिक सुविधा और भौगोलिक दृष्टि से बाढ़ जिला बनने की सभी योग्यताएं रखता है। वर्तमान में यह पटना जिले के अंतर्गत अनुमंडल है, लेकिन लगातार बढ़ती जनसंख्या और प्रशासनिक जरूरतों को देखते हुए अलग जिला बनाने की मांग वर्षों से उठती रही है। अब केंद्रीय मंत्री ललन सिंह के सार्वजनिक समर्थन के बाद इस मांग को राजनीतिक स्तर पर भी नई मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

नीतीश सरकार के विकास कार्यों की जमकर तारीफ

कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए ललन सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में हुए विकास कार्यों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सड़क, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और महिला सशक्तिकरण जैसे क्षेत्रों में बिहार ने उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने कहा कि सरकार विकास की गति को और तेज करने के लिए लगातार काम कर रही है तथा आने वाले समय में विकास की यह यात्रा और आगे बढ़ेगी।

नीट पेपर लीक पर श्रवण कुमार का बड़ा बयान

उद्घाटन समारोह के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने नीट पेपर लीक मामले पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि विपक्ष लगातार केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहा था और अब उनकी मांग पूरी हो चुकी है, इसलिए विपक्ष को संतुष्ट हो जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पेपर लीक में शामिल किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। सरकार इस तरह की घटनाओं पर स्थायी रोक लगाने के लिए और अधिक प्रभावी कानून बनाने की दिशा में काम कर रही है।

इस दौरान उन्होंने कहा, "सौ राजा के बराबर एक चोर की बुद्धि होती है, लेकिन सरकार उससे भी आगे की तैयारी कर रही है। पेपर लीक जैसी घटनाओं पर पूरी तरह अंकुश लगाया जाएगा।"

गरीबों को योजनाओं से जोड़ रही सरकार

श्रवण कुमार ने कहा कि बिहार सरकार जीविका सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से गरीब और कमजोर वर्गों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रही है। सरकार की प्राथमिकता अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाना है।

अनंत सिंह के बेटे अभिषेक सिंह को मिला आशीर्वाद

समारोह का एक और महत्वपूर्ण क्षण तब देखने को मिला जब मोकामा विधायक अनंत सिंह अपने पुत्र अभिषेक सिंह के साथ कार्यक्रम में पहुंचे। केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने अभिषेक सिंह को माला पहनाकर आशीर्वाद दिया। मीडिया से बातचीत में अभिषेक सिंह ने कहा कि राजनीतिक विरासत केवल परिवार से नहीं बल्कि जनता के विश्वास, प्यार और समर्थन से मिलती है। उन्होंने कहा कि जनता का आशीर्वाद ही किसी भी जनप्रतिनिधि की सबसे बड़ी ताकत होता है।

बाढ़ की राजनीति में बढ़ सकती है हलचल

ललन सिंह के बयान को राजनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बाढ़ को जिला बनाने की मांग लंबे समय से स्थानीय लोगों का प्रमुख मुद्दा रही है। ऐसे में केंद्रीय मंत्री का खुला समर्थन आने वाले दिनों में इस मांग को और तेज कर सकता है। यदि राज्य सरकार भविष्य में नए जिलों के गठन पर विचार करती है तो बाढ़ का नाम प्रमुख दावेदारों में शामिल हो सकता है।