Asian Games 2026: बर्थडे पर लवलीना का गोल्डन पंच, भारत 12 गोल्ड के साथ नंबर-6

Asian Games 2026 में लवलीना बोरगोहेन ने जन्मदिन पर गोल्ड मेडल जीता। भारत के 12 गोल्ड समेत 70 मेडल हुए। आर्चरी में महिला रिकर्व टीम ने ऐतिहासिक स्वर्ण जीता।

Asian Games 2026: बर्थडे पर लवलीना का गोल्डन पंच, भारत 12 गोल्ड के साथ नंबर-6
बर्थडे पर लवलीना का गोल्डन पंच।

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     HighLights:

  • लवलीना बोरगोहेन ने 75 किग्रा बॉक्सिंग में गोल्ड मेडल जीता
  •  चीन की बाओ जियी को फाइनल में 5-0 से हराया 
  • एशियन गेम्स में गोल्ड जीतने वाली दूसरी भारतीय महिला बॉक्सर बनीं
  • भारतीय महिला रिकर्व टीम ने ऐतिहासिक गोल्ड मेडल जीता
  • ???????? भारत के खाते में अब 12 गोल्ड समेत 70 मेडल

नागोया (जापान) Threesocieties.com Desk: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन जारी है। स्टार बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन ने अपने जन्मदिन को यादगार बनाते हुए महिलाओं के 75 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीत लिया। फाइनल में उन्होंने चीन की बाओ जियी को 5-0 से हराकर एशियन गेम्स में अपने करियर का पहला स्वर्ण पदक हासिल किया।

लवलीना एशियन गेम्स में बॉक्सिंग का गोल्ड जीतने वाली दूसरी भारतीय महिला मुक्केबाज बन गई हैं। उनसे पहले महान बॉक्सर मैरी कॉम ने 2014 में यह उपलब्धि हासिल की थी। लवलीना का यह गोल्ड इसलिए भी खास है क्योंकि हांगझोउ एशियन गेम्स में उन्हें फाइनल में हार के बाद सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा था।

लवलीना ने इस बार सेमीफाइनल और फाइनल में बेहतरीन रणनीति के साथ बॉक्सिंग की। उन्होंने विरोधियों के आक्रामक हमलों से बचते हुए सही समय पर काउंटर पंच लगाए और अंक जुटाए।

भारत को आर्चरी में ऐतिहासिक गोल्ड

एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला आर्चरी टीम ने भी इतिहास रच दिया। अंकिता भगत, कीर्ति और कुमकुम की टीम ने महिला रिकर्व टीम इवेंट के फाइनल में दक्षिण कोरिया को 5-3 से हराकर स्वर्ण पदक जीता। यह एशियन गेम्स के इतिहास में महिला रिकर्व टीम इवेंट में भारत का पहला गोल्ड मेडल है। फाइनल में भारतीय तीरंदाजों ने 10 बार की ओलिंपिक चैंपियन दक्षिण कोरियाई टीम को मात देकर बड़ी उपलब्धि हासिल की।

भारत की मेडल टैली में 12 गोल्ड

जापान के नागोया में चल रहे एशियन गेम्स के 13वें दिन भारत के पदकों की संख्या 70 पहुंच गई है। भारतीय दल ने अब तक 12 गोल्ड समेत 70 मेडल जीते हैं और मेडल टैली में भारत छठे स्थान पर है। गेम्स का अंतिम दौर नजदीक है और भारत को आर्चरी, कुश्ती, बॉक्सिंग, गोल्फ, ताइक्वांडो, साइकिलिंग, सेलिंग और वॉलीबॉल सहित कई खेलों में पदक की उम्मीदें हैं।

आर्चरी: पुरुष रिकर्व टीम फाइनल में

भारत ने पुरुष रिकर्व टीम के सेमीफाइनल में ईरान को 6-0 से हराकर फाइनल में जगह बना ली। भारत ने तीसरा सेट 56-55 से जीतकर मुकाबला अपने नाम किया। भारत की ओर से नीरज ने 10, यशदीप ने 9 और धीरज ने 9 अंक हासिल कर तीसरे सेट में भारत का स्कोर 56 पहुंचाया। ईरान की टीम 55 अंक ही बना सकी। इस जीत के साथ भारतीय पुरुष रिकर्व टीम अब गोल्ड मेडल के लिए फाइनल में उतरेगी।

सेलिंग में नेत्रा कुमानन का ब्रॉन्ज

भारत को सेलिंग में भी पदक मिला। महिला डिंगी इवेंट में नेत्रा कुमानन ने ब्रॉन्ज मेडल जीता। दो रेस वाले फाइनल में नेत्रा पहली रेस में छठे स्थान पर रहीं, जबकि दूसरी रेस में उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की। कुल प्रदर्शन के आधार पर वह थाईलैंड की गोल्ड मेडलिस्ट सोफिया मोंटगोमरी और सिंगापुर की सिल्वर मेडलिस्ट जानिया आंग के बाद तीसरे स्थान पर रहीं। पुरुषों के इवेंट में भारत के विष्णु सरवनन चौथे स्थान पर रहे और ब्रॉन्ज मेडल से चूक गए।

रेसलिंग: दीपांशी ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में

महिलाओं के 50 किलोग्राम वर्ग में भारत की दीपांशी ने रेपेचेज मुकाबले में कंबोडिया की डिट सैम्नांग को 10-0 से हराकर ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में जगह बनाई। दीपांशी ने टेक्निकल सुपीरियोरिटी के आधार पर मुकाबला जीता। अब उनका सामना ब्रॉन्ज मेडल के लिए कजाकिस्तान की जेनैप बायानोवा से होगा। मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम करीब 3:58 बजे खेला जाएगा।

सुजीत कलकल ने ओलिंपिक चैंपियन को हराया

पुरुषों के 65 किलोग्राम फ्रीस्टाइल कुश्ती में भारत के सुजीत कलकल ने बड़ा उलटफेर करते हुए मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन जापान के कोटारो कियूका को 3-3 से हराकर फाइनल में जगह बना ली। कियूका ने पहले पीरियड में 2-0 की बढ़त बनाई थी। इसके बाद सुजीत ने दूसरे पीरियड में तीन अंक हासिल कर मुकाबले में वापसी की। स्कोर 3-3 होने के बाद आखिरी अंक हासिल करने के कारण सुजीत को विजेता घोषित किया गया। सुजीत अब गोल्ड मेडल के लिए ताजिकिस्तान के अब्दुलमाजिद कुडिएव से भिड़ेंगे। फाइनल भारतीय समयानुसार दोपहर करीब 2:46 बजे होगा।

किसान परिवार से निकलकर एशियन चैंपियन बनीं लवलीना

असम के किसान परिवार से आने वाली लवलीना बोरगोहेन ने अंतरराष्ट्रीय बॉक्सिंग में लगातार अपनी पहचान बनाई है। वह NCOE गुवाहाटी में ट्रेनिंग करती हैं। उन्होंने 2018 और 2019 वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में लगातार ब्रॉन्ज मेडल जीते। टोक्यो 2020 ओलिंपिक में भी उन्होंने ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया।

इसके अलावा लवलीना ने एशियन और वर्ल्ड बॉक्सिंग स्तर पर भी महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। उनके प्रदर्शन के लिए उन्हें अर्जुन अवॉर्ड और मेजर ध्यानचंद खेल रत्न अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है। इस एशियन गेम्स में गोल्ड जीतकर लवलीना ने अपने करियर में एक और बड़ी उपलब्धि जोड़ ली है। जन्मदिन के दिन मिला यह स्वर्ण पदक उनके लिए खास उपलब्धि बन गया है।

भारत के लिए बॉक्सिंग में दो और गोल्ड मेडल मुकाबले

बॉक्सिंग में भारत के लिए अभी दो और गोल्ड मेडल मुकाबले बाकी हैं। अंकुश और परवीन अपने-अपने फाइनल मुकाबले खेलेंगे। ऐसे में भारत की गोल्ड मेडल संख्या में और इजाफा होने की उम्मीद है। एशियन गेम्स 2026 के अंतिम चरण में भारतीय खिलाड़ियों की चुनौती कई खेलों में बनी हुई है। आर्चरी, कुश्ती, बॉक्सिंग, सेलिंग समेत अन्य खेलों में भारतीय खिलाड़ी पदक के लिए मैदान में उतर रहे हैं।