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धनबाद। दशकों से सिंदरी दामोदर किनारे में पड़ी एफसीआईएल का वेस्ट मैटेरियल कोयला का चूर्ण को FCI ने वेस्ट कह कर छोड़ दिया था। इसका टेंडर मात्र 85 लाख में जय लक्ष्मी को मिला है। एफसीआई के यूनिट इंचार्ज यूसी गौड़ ने उक्त जानकारी दी है।

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सिंदरी बस्ती से छाई का उठाव हो रहा है। इससे पैमाने पर प्रदूषण हो रहा है। आमजन इससे परेशान है।दामोदर किनारे से कोयले का चूर्ण हाइवा में लोड कर विभिन्न स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। सिंदरी बस्ती, गोशाला,कांड्रा के  दुकानदारों एवं आमजन का कहना है कि हाइवा में लदे ओवरलोड कोयला उड़ने से वायु प्रदूषण हो रहा है। घूलकण के कारण गाड़ी चलना और पैदल चलने भी परेशानी हो रही है। 
रोड किनारे के दुकानदारों का कहना है कि धूलकणों से स्थिति बदतर हो गयी है।  जब दुकान खोलने आते है तो लगभग दो इंच धूलकण दुकान के सामने जमा रहता है। इससे पता चलता है कि हवा में किस तरह से ये छाई घुल कर लोगो को सेहत को नुकसान पहुंचा रहा है।

लोकल लोगों का कहना है कि पहले ही टासरा प्रोजेक्ट के प्रदूषण से लोग परेशान थाष अब एफसीआईएल का छाई ढुलाई से कई गुणा अधिक प्रदूषण हो गया है। गौशाला के टाइल्स दुकानदार अनील शर्मा कहते हैं कि प्रदूषण से जीना मुहाल है।लोगों ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को एवं डीसी वायु प्रदूषण को रोकने की दिशा में समुचित पहल की मांग की है।