IND vs WI: 249 रन बनाकर भी हारा भारत, शे होप के शतक से वेस्टइंडीज का ऐतिहासिक धमाका!

IND vs WI 2nd T20: रांची में भारत के 249 रन पर भारी पड़े शे होप के नाबाद 102 और रदरफोर्ड के 84 रन। वेस्टइंडीज ने 6 विकेट से जीतकर सीरीज 1-1 से बराबर की।

IND vs WI: 249 रन बनाकर भी हारा भारत, शे होप के शतक से वेस्टइंडीज का ऐतिहासिक धमाका!
भारत 6 विकेट से हारा,वेस्टइंडीज ने सीरीज 1-1 से किया बराबर।

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रांची (Threesocieties.com Desk): IND vs WI 2nd T20 Highlights: रांची के JSCA इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले गए हाईस्कोरिंग मुकाबले में भारतीय टीम को करारी हार का सामना करना पड़ा। संजू सैमसन के 82 रन और भारतीय बल्लेबाजों की आतिशी पारियों के दम पर टीम इंडिया ने 249 रन बनाए, लेकिन वेस्टइंडीज ने कप्तान शे होप के नाबाद शतक और शेरफेन रदरफोर्ड की विस्फोटक बल्लेबाजी की बदौलत 18.3 ओवर में ही 250 रन का लक्ष्य हासिल कर लिया। वेस्टइंडीज ने यह मुकाबला 6 विकेट से जीतकर पांच मैचों की टी20 सीरीज 1-1 से बराबर कर दी।

रांची में भारतीय गेंदबाजों की नहीं चली, 249 रन भी पड़े कम

भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों की सीरीज का दूसरा मुकाबला शुक्रवार को रांची के JSCA इंटरनेशनल स्टेडियम कॉम्प्लेक्स में खेला गया। वेस्टइंडीज के कप्तान शे होप ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया।पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट के नुकसान पर 249 रन बनाए।

भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और वेस्टइंडीज के गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। संजू सैमसन, ईशान किशन, श्रेयस और तिलक की पारियों ने भारतीय स्कोर को विशाल स्तर तक पहुंचाया। हालांकि, 250 रन का बड़ा लक्ष्य भी भारतीय टीम को जीत नहीं दिला सका। वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने आक्रामक अंदाज में रन बनाते हुए भारतीय गेंदबाजी आक्रमण को दबाव में ला दिया। मेहमान टीम ने 18.3 ओवर में चार विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया।

शे होप का नाबाद शतक, रदरफोर्ड ने मचाया तहलका

वेस्टइंडीज की ऐतिहासिक जीत के सबसे बड़े नायक कप्तान शे होप रहे। उन्होंने 45 गेंदों में छह चौकों और नौ छक्कों की मदद से नाबाद 102 रन बनाए। होप ने शुरुआत से ही भारतीय गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक बल्लेबाजी की और आखिर तक क्रीज पर डटे रहे।दूसरी ओर, शेरफेन रदरफोर्ड ने भारतीय गेंदबाजों की जमकर खबर ली।

उन्होंने महज 37 गेंदों में 84 रन ठोक दिए। उनकी पारी में सात चौके और सात छक्के शामिल रहे। दोनों बल्लेबाजों ने मिलकर मुकाबले का रुख पूरी तरह बदल दिया। एक समय वेस्टइंडीज की टीम शुरुआती झटकों के कारण दबाव में थी, लेकिन होप और रदरफोर्ड की साझेदारी ने भारतीय टीम की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 120 रन की तूफानी साझेदारी की और वेस्टइंडीज को जीत की दहलीज तक पहुंचा दिया।होप ने छक्का लगाकर टीम को जीत दिलाई और इसी के साथ अपना शतक भी पूरा किया। उनकी नाबाद पारी ने इस मुकाबले को यादगार बना दिया।

शुरुआती झटकों के बाद भी नहीं संभली भारतीय टीम की पकड़

250 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज की शुरुआत अच्छी नहीं रही। भारतीय गेंदबाजों ने शुरुआती ओवर में ही दो विकेट लेकर मेहमान टीम को बैकफुट पर धकेल दिया। शुरुआती सफलता से भारतीय खेमे में जीत की उम्मीद जगी, लेकिन इसके बाद होप और रदरफोर्ड ने मोर्चा संभाल लिया। दोनों बल्लेबाजों ने तेजी से रन बनाकर भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बढ़ाया।

भारतीय टीम को रदरफोर्ड का विकेट हासिल करने का मौका भी मिला था। वह 38 रन के निजी स्कोर पर थे, जब कुलदीप यादव की गेंद पर मयंक यादव उनका आसान कैच नहीं पकड़ सके। यह मौका भारत को भारी पड़ा। जीवनदान मिलने के बाद रदरफोर्ड ने आक्रामक बल्लेबाजी जारी रखी और अपनी टीम को जीत के बेहद करीब पहुंचा दिया। आखिरी ओवरों में रोमारियो शेफर्ड ने भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की। उन्होंने सिर्फ 13 गेंदों में 34 रन बनाकर वेस्टइंडीज की जीत को और आसान बना दिया।

संजू सैमसन की 82 रन की पारी, शतक से चूके

भारतीय पारी में संजू सैमसन ने शानदार बल्लेबाजी की। पिछले चार मैचों में खराब प्रदर्शन के बाद सैमसन ने जोरदार वापसी करते हुए 50 रन का आंकड़ा महज 21 गेंदों में पार किया। उन्होंने 82 रन की आक्रामक पारी खेली, लेकिन शतक पूरा करने से चूक गए।सैमसन ने ईशान किशन के साथ मिलकर भारतीय पारी को मजबूत आधार दिया। दोनों बल्लेबाजों के बीच 97 रन की साझेदारी हुई। इस दौरान भारतीय टीम ने तेजी से रन बनाए और वेस्टइंडीज के गेंदबाजों को रक्षात्मक होने पर मजबूर कर दिया। संजू सैमसन ने अपनी पारी में आकर्षक शॉट लगाए और बड़े स्कोर की नींव रखी। हालांकि, 15वें ओवर में उनकी पारी का अंत हो गया। स्प्रिंगर की गेंद पर वह डीप बैकवर्ड पॉइंट पर कैच आउट हुए। उनके आउट होने से भारतीय टीम को बड़ा झटका लगा।

ईशान किशन ने भी दिखाई आक्रामक बल्लेबाजी

अपने घरेलू मैदान रांची में खेलने उतरे ईशान किशन ने भी शानदार पारी खेली। उन्होंने 22 गेंदों में 43 रन बनाए। उनकी पारी में छह चौके और दो छक्के शामिल रहे। ईशान और सैमसन की साझेदारी के दौरान भारतीय टीम ने तेजी से रन बटोरे। 11 ओवर के बाद भारत का स्कोर एक विकेट पर 139 रन था। उस समय भारतीय टीम 250 रन से भी आगे का स्कोर खड़ा करती दिख रही थी। हालांकि, रोस्टन चेस ने लगातार दो विकेट लेकर भारत की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। ईशान किशन और शिवम दुबे बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में बोल्ड हो गए। दुबे केवल सात रन बना सके। चौथे नंबर पर उन्हें भेजने का फैसला भारतीय टीम के लिए कारगर साबित नहीं हुआ।

श्रेयस और तिलक ने आखिरी ओवरों में बढ़ाई रनगति

मध्यक्रम में भारतीय टीम ने कुछ विकेट जल्दी गंवाए, लेकिन इसके बावजूद रन बनाने की रफ्तार कम नहीं हुई। कप्तान श्रेयस ने 18 गेंदों में 40 रन की तेजतर्रार पारी खेली। उन्होंने बड़े शॉट लगाकर स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाया। तिलक ने भी आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए महज 18 गेंदों में 44 रन बनाए। दोनों बल्लेबाजों की पारियों ने भारतीय टीम को 249 रन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।भारत ने मध्य ओवरों में 23 रन के भीतर तीन विकेट गंवाए, लेकिन आखिरी चरण में तेज बल्लेबाजी के कारण टीम बड़ा स्कोर खड़ा करने में सफल रही। इसके बावजूद भारतीय गेंदबाज इस स्कोर का बचाव नहीं कर सके।

वेस्टइंडीज ने टी20 अंतरराष्ट्रीय में दर्ज किया ऐतिहासिक रन चेज

रांची में मिली इस जीत के साथ वेस्टइंडीज ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपना सबसे सफल रन चेज दर्ज किया। 250 रन जैसे विशाल लक्ष्य को 18.3 ओवर में हासिल करना टीम की आक्रामक बल्लेबाजी का प्रमाण रहा। शे होप के नाबाद 102 रन और शेरफेन रदरफोर्ड के 84 रन ने भारतीय गेंदबाजी की मुश्किलें बढ़ा दीं। रोमारियो शेफर्ड की 13 गेंदों में 34 रन की पारी ने भी जीत में अहम योगदान दिया।दूसरी ओर, भारतीय टीम के बल्लेबाजों ने 249 रन बनाकर अपना काम काफी हद तक पूरा किया था, लेकिन गेंदबाजी के दौरान मिले मौकों का फायदा नहीं उठा सकी। रदरफोर्ड का कैच छूटना भी मैच के निर्णायक पलों में से एक रहा।

सीरीज 1-1 से बराबर, अगले मुकाबले पर नजर

दूसरे टी20 मुकाबले में छह विकेट से जीत दर्ज कर वेस्टइंडीज ने पांच मैचों की सीरीज में वापसी की है। पहले मुकाबले के बाद अब सीरीज 1-1 से बराबर हो गई है। रांची में भारतीय टीम को बल्लेबाजी में शानदार प्रदर्शन के बावजूद हार का सामना करना पड़ा। अब आगामी मुकाबलों में भारतीय टीम की कोशिश गेंदबाजी में सुधार करने और सीरीज में फिर से बढ़त हासिल करने की होगी।वेस्टइंडीज के लिए यह जीत आत्मविश्वास बढ़ाने वाली साबित हुई है। कप्तान शे होप और रदरफोर्ड की बल्लेबाजी ने साफ कर दिया कि बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय भी टीम आक्रामक खेल से पीछे हटने वाली नहीं है।