बिहार का करोड़पति BDO आनंद कुमार विभूति! EOU रेड में 16 प्लॉट और 4 गाड़ियां मिलीं

बिहार के दरभंगा बहादुरपुर BDO आनंद कुमार विभूति के पांच ठिकानों पर EOU की छापेमारी में करीब 1.71 करोड़ की आय से अधिक संपत्ति, 16 प्लॉट, 4 वाहन, 16 बैंक खाते और 70 लाख के म्यूचुअल फंड निवेश का खुलासा हुआ।

बिहार का करोड़पति BDO आनंद कुमार विभूति! EOU रेड में 16 प्लॉट और 4 गाड़ियां मिलीं
दरभंगा के बहादुरपुर BDO आनंद कुमार विभूति के पांच ठिकानों पर EOU की छापेमारी।

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  • EOU जांच में 12 साल की नौकरी में 1.71 करोड़ की आय से अधिक संपत्ति का खुलासा
  • मुजफ्फरपुर में जमीन खरीद के 16 दस्तावेज मिले, 9 BDO और 7 स्वजनों के नाम
  • इनोवा क्रिस्टा, स्कॉर्पियो समेत चार वाहन और 16 बैंक खाते, म्यूचुअल फंड में 70 लाख रुपये निवेश
  • पूर्वी चंपारण के चिरैया में करीब 70 लाख रुपये का आलीशान बंगला मिला

दरभंगा (Threesocieties.com Desk): बिहार में भ्रष्टाचार और आय से अधिक संपत्ति के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई की। दरभंगा जिले के बहादुरपुर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) आनंद कुमार विभूति के पांच ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। EOU की टीम ने दरभंगा के बहादुरपुर स्थित उनके किराए के आवास और कार्यालय के अलावा पटना, मुजफ्फरपुर तथा पूर्वी चंपारण में तलाशी अभियान चलाया।

प्रारंभिक जांच में BDO के पास करीब 1 करोड़ 71 लाख रुपये की आय से अधिक संपत्ति होने की जानकारी सामने आई है। जांच के अनुसार यह संपत्ति उनके ज्ञात आय के स्रोतों से करीब 121.87 प्रतिशत अधिक बताई गई है।

सुबह आठ बजे जनकपुरी स्थित आवास पर पहुंची EOU की टीम

मंगलवार सुबह करीब आठ बजे आर्थिक अपराध इकाई की टीम बहादुरपुर के जनकपुरी स्थित BDO के किराए के आवास पर पहुंची। बताया गया कि BDO पांच मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर पर कमरा संख्या 101 में किराए पर रहते हैं। छापेमारी के दौरान BDO घर पर मौजूद नहीं थे। जानकारी के अनुसार वह घर का सामान लेने के लिए बाहर निकले थे। इसी दौरान उन्हें अपने आवास पर EOU की कार्रवाई की जानकारी मिली। इसके बाद वह वापस नहीं लौटे। आवास पर मौजूद उनकी पत्नी से EOU की टीम ने पूछताछ की। घर के बाहर बहादुरपुर थाने की पुलिस तैनात रही और बाहरी लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई।

पांच ठिकानों पर एक साथ छापेमारी

आर्थिक अपराध इकाई ने BDO के कुल पांच ठिकानों पर तलाशी ली। इनमें शामिल हैं—

बहादुरपुर, दरभंगा स्थित किराए का आवास
बहादुरपुर प्रखंड कार्यालय
पटना के दानापुर स्थित साईं अपार्टमेंट
मुजफ्फरपुर के अहियापुर स्थित सरस्वती नगर का निजी आवास
पूर्वी चंपारण के चिरैया थाना क्षेत्र के साकिन-लालबेगिया स्थित पैतृक परिसर

EOU की टीम ने इन सभी स्थानों पर दस्तावेज, संपत्ति से जुड़े कागजात, बैंक और निवेश संबंधी रिकॉर्ड खंगाले।

16 प्लॉट के दस्तावेज मिले, नौ BDO के नाम

छापेमारी के दौरान EOU को मुजफ्फरपुर स्थित निजी आवास से जमीन खरीद से संबंधित 16 दस्तावेज मिले हैं। इनमें नौ भूखंड BDO आनंद कुमार विभूति के नाम पर बताए जा रहे हैं, जबकि सात भूखंड उनके स्वजनों के नाम पर हैं। जांच एजेंसी इन संपत्तियों की खरीद के स्रोत और इनके लिए खर्च की गई रकम का मिलान BDO की वैध आय से कर रही है।

चार गाड़ियां, 16 बैंक खाते और म्यूचुअल फंड में 70 लाख

तलाशी के दौरान EOU को इनोवा क्रिस्टा और स्कॉर्पियो समेत चार चारपहिया वाहन मिले हैं। इसके अलावा BDO और उनके स्वजनों के नाम पर अलग-अलग बैंकों में 16 बैंक खाते होने की जानकारी सामने आई है। इन खातों को फ्रीज करने की कार्रवाई की जा रही है। जांच में अलग-अलग म्यूचुअल फंड फोलियो में करीब 70 लाख रुपये निवेश होने की जानकारी भी मिली है। इसके अलावा एक बैंक लॉकर का भी पता चला है। EOU की टीम लॉकर की तलाशी लेकर उसमें रखी संपत्ति और अन्य सामान का आकलन करेगी।

आभूषण और बीमा निवेश के कागजात भी मिले

छापेमारी के दौरान आभूषण खरीद से संबंधित बिल और दस्तावेज भी मिले हैं। इसके अलावा भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) समेत अन्य बीमा कंपनियों में निवेश से जुड़े कागजात भी बरामद किए गए हैं। जांच के अनुसार इन बीमा योजनाओं के वार्षिक प्रीमियम के रूप में करीब 1.5 लाख रुपये का भुगतान किया जा रहा है।

चिरैया में मिला 70 लाख का आलीशान बंगला

EOU की कार्रवाई में पूर्वी चंपारण के चिरैया थाना क्षेत्र के साकिन-लालबेगिया में BDO के पैतृक भूखंड पर बना एक आलीशान बंगला भी सामने आया है। इसकी निर्माण लागत करीब 70 लाख रुपये आंकी गई है। EOU अब भवन निर्माण की वास्तविक लागत का विस्तृत मूल्यांकन कराने की तैयारी में है। जांच एजेंसी यह भी पता लगाएगी कि भवन निर्माण में खर्च की गई रकम BDO की घोषित आय के अनुरूप है या नहीं।

सात सितंबर को दर्ज हुआ था मामला

आय से अधिक संपत्ति के मामले में आर्थिक अपराध इकाई थाना में 7 सितंबर को कांड संख्या 21/26 दर्ज किए जाने की जानकारी है। इसी प्राथमिकी के आधार पर मंगलवार को अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। जांच में सामने आई संपत्तियों और निवेश से संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल जारी है। EOU को आशंका है कि दस्तावेजों की विस्तृत जांच के बाद आय से अधिक संपत्ति की रकम में और वृद्धि हो सकती है।

2014 में BPSC से सेवा में आए थे आनंद कुमार विभूति

आनंद कुमार विभूति बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 53वीं-55वीं बैच के पदाधिकारी बताए जाते हैं। उन्होंने करीब 12 साल पहले सरकारी सेवा शुरू की थी। इस दौरान उन्होंने बिहार के कई जिलों में अलग-अलग पदों पर काम किया। पूर्वी चंपारण में पदस्थापना से पहले वह पश्चिम चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर और दरभंगा समेत कई जिलों में कार्यरत रहे हैं। करीब दो महीने पहले ही उनका मुजफ्फरपुर जिले के कांटी प्रखंड से तबादला हुआ था और उन्होंने बहादुरपुर BDO के रूप में पदभार संभाला था।

पहले भी भ्रष्टाचार की शिकायत का जिक्र

बताया जा रहा है कि आनंद कुमार विभूति के खिलाफ इससे पहले भी निगरानी विभाग में भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायत सामने आई थी। अब आय से अधिक संपत्ति के मामले में EOU की कार्रवाई के बाद उनके खिलाफ जांच और तेज हो गई है। EOU द्वारा जब्त दस्तावेजों, बैंक खातों, जमीन, वाहनों, निवेश और भवन की कीमतों का विस्तृत मिलान किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद ही संपत्ति और कथित अनियमितताओं की अंतिम तस्वीर स्पष्ट होगी।

ग्रामीण विकास विभाग को भी दी गई जानकारी

EOU ने कार्रवाई की जानकारी ग्रामीण विकास विभाग को भी पत्र के माध्यम से देने की बात कही है। फिलहाल जांच एजेंसी बरामद दस्तावेजों की पड़ताल में जुटी है। नोट: आय से अधिक संपत्ति और भ्रष्टाचार से जुड़े आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने तथा सक्षम न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही तय होगा।