गिरिडीह। जिले के बगोदर के संतरूपी और गेंदा गांव से किडनैप जमीन कारोबारी शमशेर आलम को गिरिडीह पुलिस ने रविवार की सुबह बगोदर और हजारीबाग के विष्णुगढ़ जंगल से सुरक्षित बरामद कर लिया है। पुलिस ने किडनैप में शामिल क्रिमिनलों को भी अरेस्ट किया है। अपहरण मुक्त कराये गये शमशेर आलम को फिलहाल बगोदर पुलिस स्टेशन में रखा गया है।
और भी पढ़ें
- धनबाद में धूमधाम से मनी धन्वंतरि जयंती, MLA समेत डॉक्टरों ने की पूजा-अर्चना
- धनबाद में खाद्य सुरक्षा विभाग की मेगा रेड, 4 दुकानों से 205 KG लड्डू जब्त, किया नष्ट
- धनबाद में JMM नेता पर गंभीर आरोप, दो पुलिस जवानों को पीटा; 50 हजार और चेन लूटी
- Jharkhand: निशा भगत की मौत पर शोक, पिता ने लगाया सोशल मीडिया पर चरित्र हनन का आरोप
हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि जमीन कारोबारी के किनडैप के पीछे की कारण क्या थी। किस गैंग ने किडनैप किया था। बगोदर पुलिस स्टेशन एरिया के जीटी रोड़ संतुरपी के पास 23 नवंबर की शाम आर्म्स के बल पर क्रिमिनलों ने शमशेर का किडनैप कर लिया था।क्रिमिनलों ने दहशत फैलाने के उद्देश्य से हवाई फायरिंग भी की थी। संतुरपी जीटी रोड़ के समीप शमशेर बन रहे नये घर के बाहर खड़ा था। इसी दौरान बरकट्ठा की ओर से बोलेरो और एक बाइक से पांचःछह की आर्म्स से लैश क्रिमिनल वहां पर पहुंचे थे और शमशेर को किडनैप कर ले गये।
स्पेशल पुलिस की टीम को मिली सफलता
गिरिडीह एसपी अमितच रेणउ ने किडनैप मामले के खुलासे के लिए एक स्पेशल टीम भी बनाई थी. तीन डीएसपी, तीन इंस्पेक्टर के साथ साथ बगोदर, सरिया थाना प्रभारी की टीम को शामिल किया था। अलग से टेक्निकल टीम भी काम कर रही थी।। पुलिस की टीम ने भी लगातार रेड से किडनेपर पर प्रेशर बन रहा था। पुलिस गिरिडीह के अलावा हजारीबाग, बोकारो जिले में कारोबारी को खोज रही थी। बगोदर से बोकारो तक फैले जंगल में भी तलाशी ली जा रही थी। बगोदर-विष्णुगढ़ जंगल की घेराबंदी की गयी थी।